बेंगलुरु:देश की प्रमुख आईटी सेवा प्रदाता कंपनी इंफोसिस द्वारा अप्रैल से जून 2026 तिमाही के अपने वित्तीय परिणाम घोषित किए जा रहे हैं। कंपनी के निदेशक मंडल की बैठक में तिमाही नतीजों की गहन समीक्षा के बाद इन्हें आधिकारिक रूप से जारी किया जाएगा। हालांकि, नतीजों के सार्वजनिक होने से ठीक पहले शेयर बाजार में इंफोसिस के शेयरों पर दबाव देखा गया। बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) में कंपनी का शेयर पिछले बंद भाव की तुलना में लगभग दो प्रतिशत तक गिरकर 1032.30 रुपये के निचले स्तर तक पहुंच गया, जिससे कंपनी का कुल बाजार पूंजीकरण घटकर 4.24 लाख करोड़ रुपये रह गया।
डॉलर राजस्व में बढ़ोतरी और ब्रोकरेज फर्मों के विभिन्न अनुमान
बाजार विश्लेषकों का मानना है कि चालू वित्त वर्ष की पहली तिमाही में इंफोसिस का डॉलर राजस्व तिमाही आधार पर 1.7 प्रतिशत बढ़कर 512.70 करोड़ डॉलर के आसपास रह सकता है। वहीं स्थिर मुद्रा (कांस्टेंट करेंसी) राजस्व वृद्धि 1.8 प्रतिशत रहने का अनुमान जताया गया है। वित्तीय विश्लेषक फर्मों और वैश्विक ब्रोकरेज घरानों के अनुमान इस वृद्धि को लेकर अलग-अलग हैं, जहां कुछ फर्मों ने इस विकास दर को 1 प्रतिशत से 1.1 प्रतिशत के बीच रहने की संभावना जताई है, वहीं कुछ अन्य प्रमुख वैश्विक संस्थानों का अनुमान है कि यह आंकड़ा 2.3 से 2.5 प्रतिशत तक जा सकता है।
हालिया अधिग्रहणों का राजस्व में योगदान और मार्जिन की स्थिति
जून तिमाही के प्रदर्शन में इंफोसिस द्वारा हाल ही में हासिल की गई दो प्रमुख वैश्विक कंपनियों 'ऑप्टिमम' और 'स्ट्रेटस' का महत्वपूर्ण योगदान रहने की उम्मीद है। मई 2026 में 46.5 करोड़ डॉलर में पूरी हुई ऑप्टिमम हेल्थ डील और अप्रैल में 9.5 करोड़ डॉलर में अधिग्रहीत टेक्नोलॉजी कंसल्टेंसी फर्म स्ट्रेटस से कंपनी के समेकित राजस्व को बल मिला है। विश्लेषकों के अनुसार इस तिमाही में कंपनी का ईबीआईटी (EBIT) मार्जिन 21.1 प्रतिशत के आसपास स्थिर रह सकता है, जबकि शुद्ध लाभ में तिमाही आधार पर करीब 7 प्रतिशत की कमी के साथ इसके 7,903 करोड़ रुपये रहने का आकलन किया गया है।
वार्षिक विकास पूर्वानुमान और पूर्व तिमाही के वित्तीय आंकड़े
बाजार की सबसे ज्यादा नजर इस बात पर टिकी है कि कंपनी अपने पूरे वित्त वर्ष के लिए दिए जाने वाले राजस्व मार्गदर्शन (गाइडेंस) में क्या संशोधन करती है। विश्लेषकों का अनुमान है कि कंपनी अपने वार्षिक जैविक विकास अनुमान के ऊपरी स्तर में 50 से 100 बेसिस पॉइंट्स की कटौती कर सकती है और यह नया गाइडेंस 2 से 4.5 प्रतिशत के दायरे में रह सकता है। इससे पूर्व जनवरी-मार्च 2026 की अंतिम तिमाही में इंफोसिस ने एकल आधार पर 38,641 करोड़ रुपये का राजस्व और 7,975 करोड़ रुपये का शुद्ध लाभ कमाया था, जबकि पूरे बीते वित्त वर्ष 2026 में कंपनी का कुल राजस्व 1,48,819 करोड़ रुपये और शुद्ध मुनाफा 29,211 करोड़ रुपये दर्ज हुआ था।









