भूख हड़ताल के बीच अभिजीत दीपके पर स्याही फेंकी, जंतर-मंतर का वीडियो वायरल

0
6

नई दिल्ली। जंतर-मंतर पर शनिवार को विरोध प्रदर्शन के दौरान एक अप्रत्याशित घटनाक्रम में 'कॉकरोच जनता पार्टी' (CJP) के संस्थापक अभिजीत दीपके पर एक महिला द्वारा स्याही फेंकने का मामला सामने आया है। यह घटना उस समय हुई जब दीपके सभा को संबोधित कर रहे थे, जिससे वहां मौजूद समर्थकों और प्रदर्शनकारियों के बीच अफरा-तफरी मच गई। हालांकि, सुरक्षाकर्मियों ने तत्परता दिखाते हुए महिला को तुरंत रोक लिया। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, लेकिन अभी तक महिला की पहचान और उसके इस कदम के पीछे के कारणों का आधिकारिक खुलासा नहीं हो पाया है।

सोनम वांगचुक का उपचार और सुरक्षा घेरा

सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक की स्वास्थ्य स्थिति बिगड़ने के कारण उन्हें शनिवार को सफदरजंग अस्पताल में भर्ती कराया गया है। अस्पताल में भर्ती होने के बाद से ही परिसर और जंतर-मंतर पर सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक कड़ा कर दिया गया है। पुलिस के अनुसार, वांगचुक को अस्पताल ले जाने के दौरान प्रदर्शनकारियों ने कुछ देर के लिए बाधा उत्पन्न करने की कोशिश की थी, जिसके बाद कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए भारी पुलिस बल और अर्द्धसैनिक बलों को तैनात कर दिया गया है।

परिजनों ने उठाए उपचार पर सवाल

सोनम वांगचुक की पत्नी गीतांजलि डी. अंगमो ने अस्पताल प्रशासन की कार्यप्रणाली पर गंभीर चिंता व्यक्त करते हुए उन्हें किसी अन्य अस्पताल में शिफ्ट करने की मांग की है। उन्होंने आरोप लगाया है कि सफदरजंग अस्पताल न तो मेडिकल रिपोर्ट की कॉपी प्रदान कर रहा है और न ही उनके निजी डॉक्टरों को वांगचुक से मिलने की अनुमति दी जा रही है। परिवार ने वांगचुक के पोटेशियम स्तर में 4.3 से घटकर 2.9 तक की खतरनाक गिरावट को देखते हुए उनकी सेहत को लेकर गहरी चिंता जताई है और पारदर्शी इलाज की मांग की है।

जंतर-मंतर पर प्रदर्शनों का सिलसिला

राजधानी के जंतर-मंतर पर विभिन्न सामाजिक और शैक्षणिक मुद्दों को लेकर पिछले कई दिनों से विरोध प्रदर्शनों का दौर जारी है। अभिजीत दीपके पर हुए हमले और सोनम वांगचुक की बिगड़ती सेहत ने इन प्रदर्शनों की गंभीरता को और बढ़ा दिया है। पुलिस प्रशासन लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए है ताकि प्रदर्शनों के दौरान किसी भी प्रकार की हिंसा या अराजकता न फैले। फिलहाल, अस्पताल और प्रदर्शन स्थल, दोनों ही स्थानों पर तनाव की स्थिति बनी हुई है और प्रशासन किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए अतिरिक्त सावधानी बरत रहा है।