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मध्यप्रदेश में गैर हिंदू का गरबा पंडाल में प्रवेश बैंन, पोस्टर भी लगे

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भोपाल| मध्य प्रदेश के बड़े हिस्से में गरबा पंडाल में गैर हिंदुओं की एंट्री को बैन कर दिया गया है, इतना ही नहीं उज्जैन में तो परिचय पत्र देखने के साथ तिलक भी लगाया जा रहा है। इसके अलावा गैर हिंदुओं की प्रवेश को प्रतिबंधित करने वाले पोस्टर भी लगे हैं। राज्य में नवरात्र पर्व शुरू होने से पहले ही गरबा स्थलों में प्रवेश को लेकर बहस का दौर शुरू हो गया था। राज्य की संस्कृति मंत्री उषा ठाकुर ने तो गरबा पंडाल में प्रवेश के लिए परिचय पत्र को अनिवार्य किए जाने पर जोर दिया था, साथ ही यहां तक कहा था कि गरबा पंडाल लव जिहाद का जरिया बन गए है। उसके बाद कई स्थानों पर परिचय पत्र देखे जा रहे हैं और हिंदूवादी संगठन सक्रिय भी हैं।

इंदौर में बीते दिनों में दो स्थानों पर आठ गैर हिंदू युवक पकड़े गए जो गरबा स्थल पर पहुंचे थे। बाद में उन्हें पुलिस के सुपुर्द कर दिया गया। उन पर आरोप है कि वह लड़कियों और महिलाओं पर अश्लील फब्तियां कस रहे थे और तस्वीरें उतारने में लगे थे।

उज्जैन के नानाखेड़ा क्षेत्र में गरबा महोत्सव चल रहा है, यहां आने वालों को परिचय पत्र दिखाने के बाद तिलक लगाया जाता है और उसके बाद ही प्रवेश दिया जाता है। आयोजन स्थल पर सेवा ही संकल्प संस्कृति समिति ने एक पोस्टर लगाया है जिसमें साफ तौर पर लिखा है गैर हिंदू पंडाल में प्रवेश नहीं करें। बात नर्मदा पुरम की करें तो यहां परिचय पत्र दिखाना तो अनिवार्य है ही साथ में एक ड्रेस कोड भी तय कर दिया है, जिसमें महिलाएं सिर्फ साड़ी, सलवार-सूट पहनकर आ सकती हैं और पुरुष कुर्ता-पजामा में ही गरबा पंडाल में प्रवेश कर सकते हैं।

राजधानी भोपाल में तो प्रशासन ने गरबा आयोजनों को निर्देश दिए हैं कि परिचय पत्र दिखाए जाने के बाद ही लोगों को गरबा पंडाल में प्रवेश दिया जाए। इसके अलावा खंडवा में तो गरबा पंडाल में जाने वाले हर व्यक्ति को परिचय पत्र दिखाना आवश्यक कर दिया गया है भले ही महिला हो या पूरा परिवार सभी को अपना कार्ड दिखाना होगा।

सेमीफाइनल में भारत ने ऑस्ट्रेलिया को पांच विकेट से हराया

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रोड सेफ्टी वर्ल्ड सीरीज के पहले सेमीफाइनल मैच में इंडिया लीजेंड्स ने ऑस्ट्रेलिया लीजेंड्स को पांच विकेट से हरा दिया है। इस जीत के साथ ही भारतीय टीम ने फाइनल में जगह बना ली है। खिताबी मुकाबले में उसका सामना श्रीलंका या वेस्टइंडीज की टीम के साथ होगा। इस मैच में ऑस्ट्रेलिया लीजेंड्स ने पहले बल्लेबाजी करते हुए पांच विकेट के नुकसान पर 171 रन का बड़ा स्कोर बनाया था। इसके जवाब में इंडिया लीजेंड्स ने भी पांच विकेट खोकर चार गेंद रहते लक्ष्य हासिल कर लिया।भारत के कप्तान सचिन तेंदुलकर ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने का फैसला किया था। ऑस्ट्रेलिया ने पहले बल्लेबाजी करते हुए अच्छी शुरुआत की। कप्तान वाटसन और डूलन की जोड़ी ने 60 रन की साझेदारी की। वाटसन ने 30 और डूलने ने 35 रन बनाए। इसके बाद बेन डंक ने 46 रन की पारी खेली। अंत में कैमरून व्हाइट ने 30 और हैडिन ने 12 रन बनाकर टीम का स्कोर 171 तक पहुंचाया। भारत के लिए अभिमन्यू मिथुन और यूसुफ पठान ने दो-दो विकेट लिए। वहींस राहुल शर्मा ने एक विकेट हासिल किया।172 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरे भारत की शुरुआत कुछ खास नहीं थी। कप्तान सचिन 38 रन के स्कोर पर टीम का साथ छोड़ गए। उन्होंने सिर्फ 10 रन बनाए। इसके बाद एक छोर पर विकेट गिरते रहे। सुरेश रैना 11 और युवराज 18 रन बनाकर आउट हुए, लेकिन एक छोर पर नमन ओझा जमे रहे। उन्होंने 62 गेंदों में 90 रन बनाए। उनकी इस पारी में सात चौके और पांच छक्के शामिल थे।

बिग बॉस 16 में करण कुंद्रा , तेजस्वी प्रकाश और राजीव अदातिया की होगी वाइल्ड कार्ड एंट्री

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बिग बॉस 16 को लेकर दर्शकों के बीच जोरदार एक्साइटमेंट देखने को मिल रहा है। शो को एक बार फिर सलमान खान होस्ट करते नजर आएंगे, जिसको लेकर फैन्स और भी ज्यादा उत्साहित हैं। कुछ दिनों पहले प्रेस कॉन्फ्रेंस में सलमान खान ने बिग बॉस 16 के पहले कंटेस्टेंट अब्दु रोज़िक का आधिकारिक ऐलान किया था। हालांकि फैन्स शो के बारे में अधिक से अधिक जानना चाह रहे हैं और इस बाच करण कुंद्रा और तेजस्वी प्रकाश के फैन्स के लिए गुड न्यूज सामने आई है।सोशल मीडिया बिग बॉस के प्रीमयर से पहले ही कई राज खुलने लगे हैं। इस बीच ट्विटर पर BiggBoss_Tak ने एक अपडेट दिया ।ट्वीट में बताया गया है कि बिग बॉस 15 की विनर तेजस्वी प्रकाश, सेकंड रनरअप करण कुंद्रा और कंटेस्टेंट राजीव अदातिया बिग बॉस 16 के सर्कस हाउस में तीन वाइल्ड कार्ड कंटेस्टेंट के साथ दूसरे हफ्ते एंट्री मारेंगे। वहीं ये तीनों करीब एक हफ्ते तक घर में ही रहेंगे, बाकी कंटेस्टेंट्स के साथ।ट्वीट में आगे बताया गया है कि तेजस्वी प्रकाश टीवी शो नागिन की एडवांस में शूटिंग कर लेंगी और राइटर भी शो को कुछ वक्त के लिए उस हिसाब से ही आगे बढ़ाएगा। ट्वीट में आगे दावा किया गया है कि इन तीनों ने घर में एक हफ्ते की एंट्री के लिए कॉन्ट्रेक्ट भी साइन कर लिया है। सोशल मीडिया पर इस खबर के सामने आने से फैन्स काफी खुश हैं। फैन्स का कहना है कि करण-तेजस्वी को एक बार फिर बिग बॉस के घर में देखना एक्साइटिड होगा।

46 नगरीय निकायों में मतगणना आज

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भोपाल।  राज्य निर्वाचन आयुक्त बसंत प्रताप सिंह ने बताया है कि 18 जिलों में 46 नगरीय निकायों में 30 सितम्बर को सुबह 9 बजे से मतगणना होगी। उन्होंने बताया है कि मतगणना की सभी तैयारियाँ पूरी कर ली गयी हैं। मतगणना स्थल पर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किये गए हैं। मतगणना के तुरंत बाद परिणाम घोषित किये जायेंगे।
जिला सागर की नगर परिषद कर्रापुर, नगरपालिका परिषद खुरई, गढ़ाकोटा, सिंगरौली की नगर परिषद सरई, बरगवाँ, शहडोल की नगर परिषद बुढ़ार, जयसिंह नगर, नगरपालिका परिषद शहडोल, अनूपपुर की नगर परिषद बरगवाँ (अमलाई), नगरपालिका परिषद कोतमा, बिजुरी, उमरिया की नगरपालिका परिषद पाली, डिण्डोरी की नगर परिषद डिण्डोरी, शहपुरा, मण्डला की नगर परिषद बम्हनीबंजर, बिछिया, निवास, नगरपालिका परिषद मण्डला, नैनपुर, बालाघाट की नगर परिषद बैहर, नगरपालिका परिषद मलाजखण्ड, सिवनी की नगर परिषद लखनादौन, छिंदवाड़ा की नगर परिषद मोहगाँव हवेली, हर्रई, नगरपालिका परिषद पांढुर्ना, सौंसर, दमुआ, जुन्नारदेव, बैतूल की नगर परिषद चिचोली, आठनेर, नगरपालिका परिषद सारणी, रायसेन की नगर परिषद देवरी, खण्डवा की नगर परिषद छनेरा, पुनासा, बुरहानपुर की नगरपालिका परिषद नेपानगर, खरगोन की नगर परिषद मण्डलेश्वर, महेश्वर, भीकनगाँव, अलीराजपुर की नगर परिषद चन्द्रशेखर आजाद नगर, जोबट, नगरपालिका परिषद अलीराजपुर, झाबुआ की नगर परिषद थांदला, पेटलावद, रानापुर, नगरपालिका परिषद झाबुआ और जिला रतलाम की नगर परिषद सैलाना में मतगणना होगी।
कुल 17 नगरपालिका और 29 नगर परिषद में 27 सितम्बर को मतदान हुआ था। इनमें से 6 नव-गठित नगर परिषद हैं। कुल वार्डों की संख्या 814 है।

आंध्र प्रदेश में स्थित है माता रानी के दो शक्तिपीठ, जानिए इनके बारे में

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नवरात्रि के पर्व के दौरान माता के नौ रूपों का पूजन किया जाता है। ऐसे में आज हम आपको माता के शक्तिपीठ के बारे में बताने जा रहे हैं। माता रानी के 52 शक्तिपीठ है और इन शक्तिपीठों में शामिल है सर्वशैल रामहेंद्री शक्तिपीठ।

आप सभी को बता दें कि आंध्र प्रदेश में माता रानी के दो शक्तिपीठ है। जी हाँ और उन्ही में से एक शक्तिपीठ का नाम सर्वशैल रामहेंद्री शक्तिपीठ है। सर्वशैल रामहेंद्री शक्तिपीठ पर माता का कौन सा अंग गिरा था अगर इसकी बात करें तो यहाँ माता के गाल गिरे थे। जी हाँ और इस स्थान पर भक्त माता के राकिनी और विश्वेश्वरी स्वरूप की पूजा करते हैं।
इसके अलावा एक अन्य शक्तिपीठ जो आंध्र प्रदेश में स्थित है वहां का नाम श्रीशैलम शक्तिपीठ है। कहा जाता है यह दूसरी शक्तिपीठ कुर्नूर जिले में है। जी हाँ और ऐसी मान्यता है कि श्रीशैलम शक्तिपीठ में माता सती के दाएं पैर की पायल गिरी थी। इसी के साथ ऐसा कहा जाता है यहां माता श्री सुंदरी के नास में स्थापित हैं। नवरात्रि के दौरान माता रानी के इन शक्तिपीठ में भयंकर भीड़ नजर आती है। यहाँ भारी संख्या में लोग दर्शन के लिए पहुँचते हैं और माता रानी को अपनी श्रद्धा भक्ति के अनुसार भोग लगाते हैं।
इस समय शारदीय नवरात्रि का पर्व चल रहा है और यह पर्व 9 दिनों तक मनाया जाने वाला पर्व है। इस पर्व में माता रानी के नौ रूपों का पूजन किया जाता है। नवरात्रि पर्व के दौरान महिलाओं को सजने-संवरने के लिए कहा जाता है और इस दौरान किसी भी नारी का अपमान नहीं करना चाहिए।
 

इस मुस्लिम देश में है देवी का ऐतिहासिक मंदिर, यहां रामायण को कहते हैं ‘काकविन’

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हमारे देश में देवी के कई प्रसिद्ध और ऐतिहासिक मंदिर हैं। नवरात्रि (Navratri 2022) के दौरान इन मंदिरों में खासी भीड़ उमड़ती है। इस बार ये पर्व 4 अक्टूबर, मंगलवार तक मनाया जाएगा।

आपको जानकर आश्चर्य होगा कि मुस्लिम बहुल देश इंडोनेशिया (Indonesia) में भी कई हिंदू मंदिर है, जो बहुत खास है। ऐसा ही एक मंदिर है पुरा तमन सरस्वती मंदिर (Pura Taman Saraswati Mandir)। ये मंदिर ज्ञान की देवी सरस्वती को समर्पित है। ये मंदिर इंडोनेशिया के एक द्वीप बाली पर स्थित है। इस मंदिर को इंडोनेशिया का सबसे सुंदर और पवित्र मंदिर माना जाता है।

1952 में बना है ये मंदिर
बाली में स्थित पुरा तमन सरस्वती मंदिर अधिक पुराना नहीं है। इतिहासकारों के अनुसार, इसका निर्माण सन 1951 में शुरू हुआ और 1952 में ये मंदिर बनकर तैयार हो गया। वैसे तो इस मंदिर में कई देवी-देवताओं की कई मूर्तियां हैं, लेकिन मुख्यतः यह स्थान मुख्य रूप से देवी सरस्वती के लिए जाना जाता है। हिंदू धर्म की तरह यहां भी देवी सरस्वती को विद्या, ज्ञान और संगीत की देवी कहा जाता है। यहां प्रतिदिन संगीत कार्यक्रम होते रहते हैं, जिसे देखने लोगों की भीड़ उमड़ती है।

तालाब है प्रमुख आकर्षण
पुरा तमन मंदिर का सबसे बड़ा आकर्षण यहां का कमल तालाब और जल उद्यान है। ये मंदिर परिसर में ही स्थित है। इसीलिए इस मंदिर को जल पैलेस मंदिर के नाम से भी जाना जाता है। इस तालाब में हजारों कमल के फूल खिले हुए नजर आते हैं। 19वीं शताब्दी में निर्मित पुरा तमन सरस्वती मंदिर उन सबसे पुराने मंदिरों में से एक है, जिन्हें उबुद के राजकुमार के दौर में बनाया गया था।

मुस्लिम राष्ट्र इंडोनेशिया में रामायण की झलक
इंडोनेशिया एक मुस्लिम देश है, इसके बावजूद यहां भारतीय संस्कृति की झलक देखने को मिलती है। यहां के लोगों के दिल में भगवान राम के लिए खास सम्मान है। इस देश के मुस्लिम रामायण को पूजनीय ग्रंथ मानते हैं। लेकिन भारत की रामायण और यहां की रामायण में काफी अंतर भी है। इंडोनेशिया में रामायण को ककनिक के नाम से जानते हैं। इसके रचयिता कवि योगेश्वर हैं।
 

इस दशहरे पर राशि के अनुसार श्रीराम का कौन सा मंत्र शुभ है आपके लिए

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विजयादशमी या दशहरे के दिन अपनी-अपनी राशि के अनुसार देवता का पूजन करने तथा मंत्र जाप करने से जीवन के प्रत्येक क्षेत्र में सफलता मिलती है।
इस बार दशहरे पर अपनी राशि के अनुसार बोले श्रीराम का यह नाम।

आइए जानें 12 राशियों के अनुसार इस दशहरे पर किस मंत्र से करें पूजन…Dussehra 2022
1. मेष राशि- श्रीराम का पूजन करें, ‘ॐ रामभद्राय नम:’ मंत्र का जाप करें।

2. वृषभ राशि- हनुमान जी का पूजन करें, ‘ॐ आञ्जनेयाय नम:’ मंत्र का जाप करें।

3. मिथुन राशि- राम दरबार पर बेसन के लड्डू चढ़ाएं, ‘ॐ रामचंद्राय नम:’ मंत्र का जाप करें।

4. कर्क राशि- श्रीसीता-राम को मीठा पान चढ़ाएं, ‘ॐ जानकी वल्लभाय नम:’ मंत्र का जाप करें।

5. सिंह राशि- श्रीराम पूजन कर ‘ॐ जनार्दनाय नम:’ मंत्र का जाप करें।

6. कन्या राशि- हनुमान पूजन कर ‘ॐ शर्वाय नम:’ मंत्र का जाप करें।

7. तुला राशि- राम दरबार पर शहद चढ़ाएं, ‘ॐ सौमित्र वत्सल नम:’ मंत्र का जाप करें।

8. वृश्चिक राशि- हनुमान जी पर चमेली का इत्र चढ़ाएं, ‘भरत वंदित: नम:’ का जाप करें।

9. धनु राशि- तुलसी पत्र हाथ में लेकर ‘ॐ दान्ताय नम:’ का जाप करें।

10. मकर राशि- श्रीसीता-राम पर मौली चढ़ाएं, ‘श्री रघुनंदन भरताग्रज नम:’ का जाप करें।

11. कुंभ राशि- हनुमान मंत्र ‘ॐ वायुपुत्राय नम:’ या ‘ॐ श्री सीता पतये नम:’ का जाप करें।

12. मीन राशि- श्रीराम दरबार पर मेहंदी चढ़ाएं, ‘दशरथ नंदनाय नम:’ का जाप करें।

दिव्यता की विविधता  

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ईश्वर ने दुनिया की छोटी-छोटी खुशियां तो तुम्हें दे दी हैं, लेकिन सच्चा आनन्द अपने पास रख लिया है। उस परम आनन्द को पाने के लिए तुम्हें उनके ही पास जाना होगा। ईश्वर को पाने की चेष्टा में निष्कपट रहो। एक बार परम आनन्द मिल जाने पर सब-कुछ आनन्दमय है। परमानन्द के बिना संसार की खुशियां अस्थाई हैं। तुमने ईश्वर को सदैव पिता के रूप में देखा है परंतु क्या तुम ईश्वर को एक शिशु के रूप में देख सकते हो? जब तुम ईश्वर को शिशु के रूप में देखते हो तो तुम्हारी कोई मांग नहीं होती। ईश्वर तो तुम्हारे अस्तित्व का अन्त:करण है। ईश्वर तुम्हारा शिशु है। वे तुमसे बच्चे की तरह चिपककर रहते हैं जब तक तुम वृद्ध होकर मर नहीं जाते। संसार में उनके पोषण के लिए उन्हें तुम्हारी आवश्यकता है। साधना, सत्संग और सेवा ईश्वर के पोषक आहार हैं। ईश्वर अनेक क्यों नहीं हो सकते? यदि ईश्वर ने मनुष्य को अपनी ही छवि के अनुसार बनाया है, तो उनकी छवि क्या है? अफ्रीकी, मंगोलियन, कॉकेसियन, जापानी या फिलिपिनो? मनुष्य इतने प्रकार के क्यों हैं, वृक्ष सिर्फ एक प्रकार का नहीं होता। सांप, बादल, मच्छर या सब्जी सिर्फ एक प्रकार के नहीं। तो फिर केवल ईश्वर को ही एक क्यों होना चाहिए?  
जिस चेतना ने इस सम्पूर्ण सृष्टि की रचना की है और जो विविधता प्रेमी है, वह नीरस कैसे हो सकती है? ईश्वर को विविधता पसंद है, तो वे भी अवश्य ही वैविध्यपूर्ण होंगे। ईश्वर अनेक नाम, रूप और प्रकार से अभिव्यक्त होते हैं। कुछ विचार-धारा के व्यक्ति ईश्वर को उनके विभिन्न रूपों में प्रकट होने की स्वतंत्रता नहीं देते। वे उन्हें एक ही रूप में चाहते हैं। अवसर के अनुसार जब तुम अपना रूप बदलते हो तो फिर कैसे सोच सकते हो कि चेतना में कोई विविधता न हो? हमारे पूर्वज इस बात को समझते थे इसीलिए, उन्होंने दिव्यता के अनन्त गुणों व रूपों का ज्ञान कराया। चेतना नीरस और उबाऊ नहीं है। जो चेतना इस सृष्टि का आधार है, वह गतिमान और परिवर्तनशील है। ईश्वर एक ही नहीं, अनेक हैं। जब तुम दिव्यता की विविधता को स्वीकार करते हो, तब कट्टर और रूढ़िवादी नहीं रह जाते।  
 

राशिफल: कैसा रहेगा आपका आज का दिन (30 सितम्बर 2022)

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  • मेष राशि – किसी को धोखा देने से मनोवृत्ति खिन्न रहेगी, धन का व्यय होगा, सामंजस्य के साथ आगे बढ़ें।
  • वृष राशि – परिस्थिति अनुकूल नहीं रहेगी, लेन-देन के मामले स्थगित रखें, व्यर्थ विवाद से अवश्य बचें।
  • मिथुन राशि – समय व्यर्थ नष्ट होगा, यात्रा के प्रसंग में थकावट व बेचैनी बनेगी, समय व धन व्यर्थ नष्ट न करें।
  • कर्क राशि – प्रयत्नशीलता विफल होगी, परिश्रम करने से ही कुछ सफलता मिलेगी, आलस्य से हानि होगी।
  • सिंह राशि – परिश्रम से कार्य पूर्ण होंगे, मेहनत से कार्य में विजय मिलेगी, आशानुकूल सफलता से हर्ष होगा।
  • कन्या राशि – व्यवसायिक कुशलता से संतोष होगा, अर्थ-व्यवस्था अनुकूल रहेगी, समय स्थिति का लाभ अवश्य लें।
  • तुला राशि – किसी तनावपूर्ण वातावरण से बचें, अवरोध पूर्ण वातावरण से परेशानी बढ़ेगी, धैर्य पूर्वक आगे बढ़ें।
  • वृश्चिक राशि – परिस्थिति में सुधार होते हुये भी फलप्रद नहीं, कार्य विफलता की चिन्ता रहेगी, लापरवाही से हानि होगी।
  • धनु राशि – स्त्री वर्ग से उल्लास रहेगा, इष्ट मित्र सुखवर्धक होगा, रुके कार्य परिश्रम से बनेंगे, कार्यगति पर ध्यान अवश्य दें।
  • मकर राशि – स्वभाव में क्लेश व अशांति रहेगी, व्यर्थ विभ्रम तथा उद्विघ्नता का वातावरण बनेगा, धैर्य अवश्य रखें।
  • कुंभ राशि – कार्यगति आशानुकूल रहेगी, चिन्तायें कम होंगी तथा सफलता के साधन अवश्य बनेंगे ध्यान अवश्य दें।
  • मीन राशि – आशानुकूल सफलता से हर्ष होगा, इष्ट मित्रों का समर्थन फलप्रद होगा, समय रहते कार्य अवश्य पूर्ण कर लें।
     

सरकार ने 10 यूट्यूब चैनलों के 45 वीडियो ब्लॉक किए : अधिकारी

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नई दिल्ली| खुफिया एजेंसियों के इनपुट के आधार पर, सूचना और प्रसारण मंत्रालय ने यूट्यूब को 10 यूट्यूब चैनलों के 45 वीडियो को ब्लॉक करने का निर्देश दिया है।

23 सितंबर को सूचना प्रौद्योगिकी (मध्यवर्ती दिशानिर्देश और डिजिटल मीडिया आचार संहिता) नियम 2021 के प्रावधानों के तहत संबंधित वीडियो को ब्लॉक करने के आदेश जारी किए गए थे। अवरुद्ध वीडियो की कुल दर्शकों की संख्या 1 करोड़ 30 लाख से अधिक थी।

कंटेंट में धार्मिक समुदायों के बीच नफरत फैलाने के इरादे से फैलाई गई फर्जी खबरें और मॉफ्र्ड वीडियो शामिल थे।

उदाहरणों में झूठे दावे जैसे कि सरकार ने कुछ समुदायों के धार्मिक अधिकारों को छीन लिया है, धार्मिक समुदायों के खिलाफ हिंसक धमकी, भारत में गृह युद्ध की घोषणा आदि शामिल हैं। इस तरह के वीडियो में सांप्रदायिक वैमनस्य पैदा करने और देश में सार्वजनिक व्यवस्था को बाधित करने की क्षमता पाई गई।

अधिकारियों ने कहा कि मंत्रालय द्वारा अवरुद्ध किए गए कुछ वीडियो का इस्तेमाल अग्निपथ योजना, भारतीय सशस्त्र बलों, भारत के राष्ट्रीय सुरक्षा तंत्र, कश्मीर आदि से संबंधित मुद्दों पर दुष्प्रचार फैलाने के लिए किया जा रहा था।

कुछ वीडियो में भारतीय क्षेत्र के बाहर जम्मू-कश्मीर और लद्दाख के कुछ हिस्सों के साथ भारत की गलत बाहरी सीमा को दर्शाया गया है। इस तरह के काटरेग्राफिक गलत बयानी को भारत की संप्रभुता और क्षेत्रीय अखंडता के लिए हानिकारक पाया गया।

मंत्रालय द्वारा अवरुद्ध कंटेंट को भारत की संप्रभुता और अखंडता, राज्य की सुरक्षा, विदेशी राज्यों के साथ भारत के मैत्रीपूर्ण संबंधों और देश में सार्वजनिक व्यवस्था के लिए हानिकारक पाया गया।

मंत्रालय ने सोमवार को कहा कि तदनुसार, कंटेंट को सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम, 2000 की धारा 69ए के दायरे में शामिल किया गया था।

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