नई दिल्ली: केंद्र सरकार की नीतियों को घेरने और देश के सियासी पटल पर विपक्षी एकजुटता का प्रदर्शन करने के लिए ‘INDI’ गठबंधन दिल्ली में एक बड़ी महाबैठक (Mega Meeting) करने जा रहा है। सूत्रों के मुताबिक, आगामी 8 जून 2026 को यह महत्वपूर्ण बैठक बुलाई जा सकती है। इस महामंथन का मुख्य उद्देश्य केंद्र की मोदी सरकार के खिलाफ एक साझा और मजबूत संयुक्त रणनीति तैयार करना है। माना जा रहा है कि इस बैठक में देश के करीब 15 प्रमुख विपक्षी दलों के शीर्ष प्रतिनिधि और राष्ट्रीय अध्यक्ष शामिल हो सकते हैं।
हार की समीक्षा और अभिषेक बनर्जी पर हमले के बीच जुटेंगे दिग्गज
राजनीतिक गलियारों से आ रही खबरों के अनुसार, यह बैठक मुख्य रूप से हालिया चुनावों में पश्चिम बंगाल के भीतर तृणमूल कांग्रेस (TMC) और तमिलनाडु में द्रमुक (DMK) के उम्मीद के मुताबिक प्रदर्शन न रहने की समीक्षा करने के लिए बुलाई गई है।
इन नेताओं के शामिल होने की उम्मीद: इस बैठक में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे, राहुल गांधी, पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी, समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव और शिवसेना (UBT) प्रमुख उद्धव ठाकरे समेत कई दिग्गज नेताओं के जुटने की संभावना है।
टीएमसी के भीतर गहराता संकट: पश्चिम बंगाल में मिली हार के बाद ममता बनर्जी की पार्टी टीएमसी इस समय बड़े आंतरिक संकट और बगावत के दौर से गुजर रही है। इसी बीच पार्टी महासचिव अभिषेक बनर्जी पर हुए हमले को लेकर ममता बनर्जी केंद्र सरकार पर बेहद आक्रामक हैं। अटकलें यह भी हैं कि पार्टी के भीतर उठे इस असंतोष का असर खुद ममता बनर्जी के कद पर भी पड़ रहा है और कई नेता पाला बदलने की तैयारी में हैं।
राहुल गांधी का संदेश: संगठन सर्वोपरि, जनता तक पहुंचाएं नीतियां
विपक्ष की इस महाबैठक की खबरों के बीच कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने पार्टी संगठन और कार्यकर्ताओं को सबसे मजबूत कड़ी बताया है। सोमवार को राजस्थान के अजमेर (पुष्कर) स्थित तिलोरा में आयोजित कांग्रेस के 10 दिवसीय 'सृजन संगठन चिंतन शिविर' के समापन समारोह को संबोधित करते हुए राहुल गांधी ने कार्यकर्ताओं में जोश भरा।
उन्होंने जिला अध्यक्षों और कार्यकर्ताओं को स्पष्ट संदेश देते हुए कहा कि संगठन से सर्वोपरि कुछ भी नहीं है। कार्यकर्ताओं की मुख्य जिम्मेदारी पार्टी की रीति और नीतियों को जन-जन तक पहुंचाना है ताकि जमीनी स्तर पर कांग्रेस को और अधिक मजबूत किया जाए।
कार्यकर्ताओं में नए जोश का दावा: चिंतन शिविर की सफलता पर बात करते हुए कांग्रेस के राजस्थान प्रदेश अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा ने कहा कि इस 'संगठन सृजन अभियान' से कार्यकर्ताओं में एक नई ऊर्जा का संचार होगा। जब पार्टी कार्यकर्ता नई जिम्मेदारियों के साथ सड़कों पर उतरकर जनता के बीच जाएंगे, तो कांग्रेस को जनता का पूरा समर्थन और मत प्राप्त होगा। उन्होंने साफ किया कि कार्यकर्ताओं को वैचारिक रूप से मजबूत करना ही इस शिविर का मुख्य उद्देश्य था।









