बूंदी। मौसम विभाग की चेतावनी के अनुरूप सोमवार दोपहर बाद बूंदी शहर में कुदरत का रौद्र रूप देखने को मिला। करीब डेढ़ घंटे तक हुई मूसलाधार बारिश ने नगर परिषद के जल निकासी के तमाम दावों की हवा निकाल दी। सबसे बदतर हालात नागदी बाजार में बने, जहां सड़कें देखते ही देखते दरिया में तब्दील हो गईं और बाजार में सैलाब जैसा मंजर देखने को मिला। पानी की रफ्तार इतनी तेज थी कि कई गाड़ियां इसमें फंस गईं, जबकि आधा दर्जन से अधिक दोपहिया वाहन पानी के तेज बहाव में तिनके की तरह बह गए। वायरल वीडियो में सड़कों पर बहती बाइकें और लोगों की चीख-पुकार साफ देखी जा सकती है।
बाजार में अफरा-तफरी, दुकानों में घुसा पानी
अचानक हुई इस तेज बारिश के कारण नागदी बाजार में देखते ही देखते कई फीट पानी भर गया। सड़कों पर बहाव इतना तेज था कि वाहन चालकों का संतुलन बिगड़ गया और कई गाड़ियां बीच रास्ते में ही बंद हो गईं। एकाएक आए इस जलप्रलय से बाजार में हड़कंप मच गया। लोग अपनी जान और वाहन बचाने के लिए सुरक्षित ठिकाने तलाशते दिखे। दुकानदारों को संभलने तक का मौका नहीं मिला और नालों का गंदा पानी दुकानों के भीतर घुस गया, जिससे लाखों रुपये का सामान भीगकर बर्बाद हो गया। स्थानीय व्यापारियों का कहना है कि हर बार बारिश में निकासी न होने से यही दंश झेलना पड़ता है।
नवल सागर से पानी की भारी आवक बनी आफत
लगातार हुई भीषण बारिश के कारण नवल सागर झील और आसपास के जलभराव वाले क्षेत्रों में जलस्तर तेजी से बढ़ा। प्राकृतिक जल निकासी मार्गों, नालों और झरनों से पानी का प्रचंड वेग नागदी बाजार की ओर मुड़ गया। शहर के निचले इलाकों से आए इस भारी पानी के दबाव को पुरानी ड्रेनेज व्यवस्था झेल नहीं सकी, जिससे पूरा इलाका जलमग्न हो गया और सड़कें उफनती नदी जैसी नजर आने लगीं।







