वाराणसी: उत्तर प्रदेश के वाराणसी में दिल दहला देने वाले सनसनीखेज मामले के आरोपी को एसटीएफ और पुलिस की संयुक्त टीम ने गिरफ्तार कर लिया है। दादरा नगर हवेली के सिलवासा में अपनी प्रेमिका की हत्या करने के बाद आरोपी उसके शव को किराए के कमरे के बाथरूम में सूटकेस में बंद कर फरार हो गया था। सोमवार को प्रेमी ऋषभ कुमार सिंह को एसटीएफ वाराणसी इकाई और सिलवासा पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए मंडुवाडीह थाना क्षेत्र के चांदपुर औद्योगिक आस्थान से धर दबोचा। आरोपी वहां एक फैक्ट्री में नाम बदलकर मजदूरी कर रहा था।
कमरे के सूटकेस से मिला था दो महीने पुराना शव
सिलवासा के टोकर खड़ा क्षेत्र में गत तीन अगस्त को एक मकान के कमरे से सूटकेस के अंदर महिला का शव बरामद हुआ था। मृतक महिला की पहचान बिहार के नवादा निवासी 20 वर्षीय छोटी उपाध्याय के रूप में हुई थी। शव करीब दो महीने पुराना था और उसे प्लास्टिक से ढंका गया था। जब मकान मालिक ने कमरा खोलने पर तेज दुर्गंध महसूस की, तब इस वीभत्स घटना का खुलासा हुआ।
प्रेमी जोड़े ने दादरा नगर हवेली में की थी शादी
एसटीएफ की पूछताछ में सामने आया कि आरोपी ऋषभ कुमार सिंह मूल रूप से बिहार के नवादा जिले के रोह थाना क्षेत्र अंतर्गत सिउर गांव का रहने वाला है। वह अपने ही गांव की विवाहिता छोटी उपाध्याय से प्रेम करता था। छोटी अपने पहले पति को छोड़कर ऋषभ के साथ भाग गई थी और उसके कहने पर ही दोनों दादरा नगर हवेली चले गए थे, जहां उन्होंने मंदिर या अन्य माध्यम से शादी कर ली थी। छोटी को भगाने के मामले में उसके परिजनों की शिकायत पर रोह थाने में अपहरण का केस भी दर्ज किया गया था। इस शादी से दोनों के परिवार नाराज थे और किसी ने भी उन्हें अपनाने से इंकार कर दिया था।
गांव चलने के दबाव में की थी हत्या
शादी के बाद छोटी लगातार ऋषभ पर अपने गांव वापस चलने का दबाव बना रही थी। इसी बात को लेकर नौ जून की सुबह दोनों के बीच तीखा विवाद हुआ था। इसके बाद उसी शाम ऋषभ ने गला दबाकर छोटी की हत्या कर दी। साक्ष्य छुपाने के लिए उसने शव को रस्सी से बांधकर एक ट्रॉली सूटकेस में ठूंस दिया और कमरे में ताला लगाकर भाग निकला था।
वाराणसी में छिपकर कर रहा था मजदूरी
वारदात को अंजाम देने के बाद ऋषभ सीधा वाराणसी भाग आया था और मंडुवाडीह इलाके की एक फैक्ट्री में अपनी असली पहचान छुपाकर मजदूरी कर रहा था। पुख्ता खुफिया इनपुट मिलने पर एसटीएफ वाराणसी और सिलवासा पुलिस ने संयुक्त दबिश देकर उसे गिरफ्तार किया। इसके बाद मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट की अदालत में पेश कर सिलवासा पुलिस उसे ट्रांजिट रिमांड पर अपने साथ ले गई है।









