बागपत: बागपत जिले के बड़ौत कस्बे में मंगलवार शाम को दिल्ली बस स्टैंड के पास एक रूह कंपा देने वाली वारदात सामने आई। करीब 10 साल पुरानी रंजिश का बदला लेने आए हिस्ट्रीशीटर वरुण लुहारी ने अपने साथियों के साथ टेंट और कन्फेक्शनरी व्यापारी सोहनलाल (60) और उनके इकलौते बेटे विकास (28) की दुकान में घुसकर अंधाधुंध गोलियां चलाकर हत्या कर दी। इस गोलीबारी में एक राहगीर (रोहित) भी घायल हुआ है।
दिल दहला देने वाली इस घटना के तुरंत बाद स्थानीय व्यापारियों और जनता ने बहादुरी दिखाते हुए भाग रहे बदमाशों को घेर लिया। लोगों ने हमलावर हिस्ट्रीशीटर वरुण लुहारी को पकड़कर उसकी जमकर धुनाई कर दी। सूचना पर पहुंची पुलिस ने उसे गंभीर हालत में छुड़ाया, लेकिन मेरठ मेडिकल कॉलेज ले जाते समय वरुण की भी मौत हो गई।
मात्र 25 सेकंड में वारदात को दिया अंजाम, सीसीटीवी में कैद हुई घटना
दुकान में लगे सीसीटीवी कैमरे की फुटेज से पता चला है कि बदमाशों ने इस दोहरे हत्याकांड को महज 25 सेकंड के भीतर अंजाम दिया। शाम करीब 5:50 बजे वरुण लुहारी अपने साथी के साथ दुकान में दाखिल हुआ। उसने तुरंत सोहनलाल पर गोलियां बरसा दीं। पिता को बचाने के लिए जब बेटा विकास आगे आया, तो बदमाशों ने उसे भी गोली मार दी। दोनों बदमाश करीब 6 राउंड फायरिंग कर दुकान से बाहर भाग निकले।
10 साल पुरानी रंजिश का खूनी अंत
इस पूरी वारदात के पीछे साल 2016 से चली आ रही रंजिश है:
शुरुआती विवाद: साल 2016 में वरुण लुहारी ने सोहनलाल की दुकान पर नमकीन न देने को लेकर उनके बेटे विकास की पिटाई की थी, जिसके बाद वह जेल गया था।
भाई की मौत का बदला: जमानत पर बाहर आने के बाद 17 जुलाई 2016 को वरुण अपने भाई कपिल के साथ व्यापारी पर हमला करने आया था। तब दोनों पक्षों में हुई गोलीबारी में वरुण का भाई कपिल मारा गया था।
कचहरी से सीधे मर्डर करने पहुंचा: गैंगस्टर एक्ट लगने के बाद वरुण हरिद्वार में रह रहा था। मंगलवार को वह बागपत की अदालत में तारीख पर आया था, जहां उसने अपने भाई की मौत का बदला लेने के लिए साथियों को बुलाकर इस हत्याकांड को अंजाम दे डाला।
व्यापारियों का फूटा गुस्सा, हाईवे किया जाम
इस दोहरे हत्याकांड से बड़ौत के व्यापारियों में भारी आक्रोश फैल गया। व्यापारियों ने तुरंत पूरे बाजार को बंद कर दिया और दिल्ली-सहारनपुर नेशनल हाईवे पर जाम लगा दिया। व्यापारी नेताओं ने पुलिस प्रशासन पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए कहा कि जान का खतरा होने के बावजूद सोहनलाल को सुरक्षा नहीं दी गई। व्यापारियों ने मांग की है कि जब तक फरार बदमाशों का एनकाउंटर नहीं होता और सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम नहीं किए जाते, तब तक बाजार पूरी तरह बंद रहेगा।
पुलिस की कार्रवाई
मृतक व्यापारी के भाई राजेश की शिकायत पर पुलिस ने वरुण लुहारी, उसके भाई तरुण, पिता बाबूराम, साथी मोंटी और गोलू समेत अन्य अज्ञात के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली है। बागपत के एसपी सूरज कुमार राय ने बताया कि फरार आरोपियों को गिरफ्तार करने के लिए स्वाट, सर्विलांस और बड़ौत समेत कुल सात थानों की पुलिस टीमों को तैनात किया गया है।









