यूपी में बड़ा आतंकी साजिश का खुलासा, छह स्थान और कई हिंदूवादी नेता थे निशाने पर

0
4

लखनऊ: एटीएस की पूछताछ में संदिग्धों का कबूलनामा; यूपी के 6 शहर और हिंदूवादी नेता थे आतंकियों के निशाने पर

लखनऊ। उत्तर प्रदेश एटीएस (ATS) की कस्टडी रिमांड में आए दो संदिग्ध आतंकियों ने पूछताछ के दौरान कई सनसनीखेज खुलासे किए हैं। पाकिस्तानी हैंडलर्स के इशारे पर देश विरोधी साजिश रचने वाले इन आरोपियों के निशाने पर उत्तर प्रदेश के आधा दर्जन महत्वपूर्ण स्थान और कई प्रमुख हिंदूवादी नेता थे। जांच एजेंसी अब इन संदिग्धों से मिली जानकारियों के आधार पर नेटवर्क के अन्य मोहरों की तलाश में जुट गई है।

पाकिस्तानी हैंडलर को भेजे थे रेकी के वीडियो

एटीएस की गिरफ्त में आए बाराबंकी के दानियाल अशरफ और कुशीनगर के कृष्णा मिश्रा ने स्वीकार किया है कि वे सीमा पार बैठे अपने आका शहजाद भट्टी के लगातार संपर्क में थे। पूछताछ में यह बात सामने आई है कि आरोपियों ने उत्तर प्रदेश के छह संवेदनशील स्थानों की रेकी की थी, जिनमें हिंदूवादी संगठनों के कार्यालय भी शामिल हैं। इन ठिकानों के वीडियो बनाकर पाकिस्तानी हैंडलर को भेजे गए थे, ताकि वहां विस्फोट और टारगेट किलिंग जैसी वारदातों को अंजाम दिया जा सके।

बड़ी साजिश का ब्लूप्रिंट तैयार

सूत्रों के अनुसार, आरोपियों के मोबाइल फोन से मिले डिजिटल सबूतों ने उनकी खतरनाक साजिशों की पुष्टि की है। एटीएस अब इन दोनों को उन चिन्हित स्थानों पर ले जाने की तैयारी कर रही है, जिनकी इन्होंने रेकी की थी। जांच एजेंसी यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि इनके पास हथियार और विस्फोटक कहां से आने वाले थे और इस मॉड्यूल में इनके अलावा और कौन-कौन शामिल है।

कस्टडी रिमांड पर गहन पूछताछ

बता दें कि दानियाल और कृष्णा को गिरफ्तारी के बाद जेल भेजा गया था, लेकिन गुरुवार से एटीएस ने इन्हें कस्टडी रिमांड पर लिया है। एटीएस मुख्यालय में दोनों से आमने-सामने बिठाकर पूछताछ की जा रही है। अधिकारियों का मानना है कि रिमांड के दौरान कुछ और बड़े नामों और ठिकानों का खुलासा हो सकता है, जिससे राज्य में बड़े आतंकी हमले की साजिश को पूरी तरह ध्वस्त किया जा सके।