भोपाल: मध्य प्रदेश की राजधानी में इलेक्ट्रिक वाहनों (EV) की बढ़ती उपयोगिता को देखते हुए चार्जिंग बुनियादी ढांचे को मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। संभागायुक्त कर्मवीर शर्मा ने भोपाल स्मार्ट सिटी डेवलपमेंट कॉरपोरेशन लिमिटेड की परियोजनाओं की समीक्षा बैठक के दौरान शहर के प्रमुख सार्वजनिक स्थानों पर नए चार्जिंग स्टेशन स्थापित करने के सख्त निर्देश दिए हैं।
प्रमुख आवाजाही वाले स्थलों पर मिलेंगे चार्जिंग पॉइंट्स
शहर में ईवी चालकों की सहूलियत को ध्यान में रखते हुए चार्जिंग स्टेशनों के लिए अत्यधिक भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों का चयन किया जा रहा है। इसके तहत आईएसबीटी (ISBT), विभिन्न मेट्रो स्टेशन, बस डिपो तथा शहर के अन्य व्यस्ततम सार्वजनिक स्थलों को प्राथमिकता सूची में शामिल किया गया है। इन स्थानों पर चार्जिंग पॉइंट बनने से रोजाना सफर करने वाले दोपहिया और चार पहिया ईवी चालकों को राह में बैटरी समाप्त होने के भय से मुक्ति मिलेगी।
दैनिक दिनचर्या के साथ आसान होगी व्हीकल चार्जिंग
आईएसबीटी और मेट्रो स्टेशनों जैसे प्रमुख ट्रांसपोर्ट हब पर चार्जिंग ढांचा तैयार होने से वाहन चालकों का बहुमूल्य समय बचेगा। उदाहरणस्वरूप, मेट्रो या बस से आगे की यात्रा करने वाले नागरिक अपने वाहन को इन स्टेशनों की पार्किंग में चार्जिंग पर लगाकर निश्चिंत होकर अपने गंतव्य की ओर रवाना हो सकेंगे। पेट्रोल पंपों की तर्ज पर सार्वजनिक चार्जिंग नेटवर्क का यह विस्तार शहर में इलेक्ट्रिक वाहनों के प्रति आम जनता का विश्वास बढ़ाने में मददगार साबित होगा।
स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट्स, एबीडी एरिया और लैंड मोनेटाइजेशन की समीक्षा
चार्जिंग नेटवर्क के अलावा समीक्षा बैठक में स्मार्ट सिटी की अन्य मूलभूत विकास योजनाओं पर भी विस्तार से मंथन हुआ:
एबीडी एरिया व टीटी नगर: टीटी नगर स्थित एरिया बेस्ड डेवलपमेंट (ABD) क्षेत्र में जारी निर्माण कार्यों की प्रगति जांची गई और लैंड मोनेटाइजेशन से जुड़े विषयों पर चर्चा की गई।
अड़चनों का निवारण: संभागायुक्त ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि विभिन्न परियोजनाओं के मार्ग में आ रही प्रशासनिक व तकनीकी बाधाओं को तत्काल दूर कर विकास की गति बढ़ाई जाए।
बी-नेस्ट इंक्यूबेशन सेंटर और आईटीएमएस का प्रत्यक्ष निरीक्षण
बैठक से पूर्व संभागायुक्त ने स्मार्ट सिटी परिसर में स्थित 'बी-नेस्ट' इंक्यूबेशन सेंटर तथा इंटीग्रेटेड ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम (ITMS) का दौरा किया। उन्होंने बी-नेस्ट में उभरते हुए नए स्टार्टअप्स को दी जा रही सुविधाओं, मार्गदर्शन एवं संसाधनों का जायजा लिया, साथ ही शहर की यातायात नियंत्रण प्रणाली को और अधिक प्रभावी बनाने के लिए अधिकारियों को आवश्यक दिशानिर्देश दिए।








