भोपाल। मध्य प्रदेश सरकार शहरी इलाकों में गरीब और मध्यम वर्ग के परिवारों के लिए सस्ते मकानों का सपना आसान बनाने जा रही है। सरकार इसके लिए अपने भूमि विकास नियमों (Land Development Rules) में बड़े बदलाव करने की तैयारी में है। इस नए प्रस्ताव के तहत किफायती आवास (Affordable Housing) की परिभाषा को बदला जाएगा, जिससे अब बड़े क्षेत्रफल (साइज) वाले मकान भी इस योजना के दायरे में आ सकेंगे और ज्यादा से ज्यादा लोगों को इसका फायदा मिलेगा। इसके साथ ही, शहरों में बढ़ती आवासीय मांग को पूरा करने के लिए फ्लोर एरिया रेशियो (FAR) को भी बढ़ाने पर विचार किया जा रहा है, जिससे एक ही प्लॉट पर पहले की तुलना में अधिक निर्माण किया जा सकेगा।
छोटे प्लॉटों पर भी बन सकेंगी ज्यादा मंजिलें
संशोधित नियमों के लागू होने के बाद छोटे आकार के प्लॉट रखने वाले लोगों और बिल्डरों को एक बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है। नए नियमों के तहत कम जमीन वाले प्लॉटों पर भी ज्यादा निर्मित क्षेत्र (Built-up Area) और अधिक मंजिलें बनाने की कानूनी मंजूरी मिल सकेगी। इस नियम का सबसे बड़ा फायदा यह होगा कि निजी डेवलपर्स और कॉलोनाइजर कम लागत में नए आवासीय प्रोजेक्ट्स तैयार कर सकेंगे, जिससे शहरी क्षेत्रों में किफायती मकानों की संख्या तेजी से बढ़ेगी।
जनता के सुझावों के बाद लिया जाएगा अंतिम निर्णय
सरकार ने भूमि विकास नियमों के इस नए प्रारूप (ड्राफ्ट) को आम जनता के लिए सार्वजनिक कर दिया है और इस पर सुझाव व आपत्तियां मांगी हैं। विभाग को मिलने वाले सभी सुझावों का बारीकी से परीक्षण करने के बाद ही इन नए नियमों को अंतिम रूप से लागू (अधिसूचित) किया जाएगा। अधिकारियों का कहना है कि इन बदलावों का मुख्य उद्देश्य शहरों का सही तरीके से विकास करना और हर वर्ग तक किफायती आवास पहुंचाना है।









