गुमला | झारखंड के गुमला जिले के सिसई प्रखंड अंतर्गत एक गांव से इंसानियत को तार-तार कर देने वाली बेहद दर्दनाक घटना सामने आई है। यहाँ एक महज दो वर्ष की दुधमुंही बच्ची के साथ दरिंदगी का सनसनीखेज मामला प्रकाश में आया है। इस घिनौनी वारदात के बाद से पूरे इलाके के ग्रामीणों में भारी आक्रोश व्याप्त है। पीड़ित मासूम बच्ची को नाजुक हालत में गुमला सदर अस्पताल के एसएनसीयू (SNCU) वार्ड में भर्ती कराया गया है, जहां विशेषज्ञ डॉक्टरों की एक टीम लगातार उसकी स्थिति पर नजर बनाए हुए है और उसका इलाज जारी है।
चॉकलेट दिलाने के बहाने ले गया पड़ोसी, भरोसे का फायदा उठाकर की हैवानियत
परिजनों द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, मंगलवार रात लगभग आठ बजे पड़ोस में रहने वाला एक परिचित युवक बच्ची को चॉकलेट दिलाने और घुमाने के बहाने अपनी गोद में लेकर गया था। आरोपी का पीड़िता के घर पर नियमित आना-जाना था, जिसके कारण परिवार को उस पर कोई शक नहीं हुआ और मां ने सहज भाव से बच्ची को उसके साथ भेज दिया। आरोप है कि युवक मासूम को गांव के एक सुनसान और अंधेरे कोने में ले गया और वहां इस खौफनाक कृत्य को अंजाम दिया। वारदात के करीब आधे घंटे बाद जब वह बच्ची को वापस घर छोड़कर भागने लगा, तब मासूम असहनीय दर्द के कारण लगातार चीख रही थी।
कपड़ों पर खून के धब्बे देख सहम गई मां, परिजनों में मचा कोहराम
बच्ची को इस कदर तड़पता और रोता देख उसकी मां बुरी तरह घबरा गई। जब उसने बच्ची को संभालते हुए जांच की, तो मासूम के शरीर और कपड़ों पर खून के गहरे निशान दिखाई दिए। यह भयावह मंजर देखते ही मां के होश उड़ गए और उसने तुरंत शोर मचाकर परिवार के अन्य सदस्यों को इसकी जानकारी दी, जिससे पूरे घर में कोहराम मच गया। घटना की भनक लगते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण एकजुट हो गए और उन्होंने तुरंत आरोपी की तलाश में गांव के चारों तरफ घेराबंदी शुरू कर दी।
गुस्साए ग्रामीणों ने आरोपी को दबोचा, पुलिस ने कस्टडी में लेकर शुरू की वैज्ञानिक जांच
गांव वालों ने मुस्तैदी दिखाते हुए कुछ ही देर में आरोपी युवक को ढूंढ निकाला और उसे पकड़ लिया। ग्रामीणों की कड़ाई के आगे आरोपी ने अपना जुर्म कबूल कर लिया, जिसके बाद वहां मौजूद लोगों का गुस्सा भड़क उठा। ग्रामीण उसे मौके पर ही सजा देने वाले थे, लेकिन इसी बीच सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस टीम ने गांव पहुंचकर स्थिति को संभाला और आरोपी को भीड़ से छुड़ाकर अपनी हिरासत में ले लिया। पुलिस आरोपी को थाने ले जाकर कड़ाई से पूछताछ कर रही है, साथ ही मामले की गंभीरता को देखते हुए साक्ष्य जुटाने के लिए एफएसएल (FSL) टीम की मदद से वैज्ञानिक जांच को आगे बढ़ाया जा रहा है।









