कोरबा: छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले स्थित मिनीमाता बांगो बांध में दोस्तों के साथ शर्त लगाने के बाद पानी में छलांग लगाने वाले युवक का शव आखिरकार बरामद कर लिया गया है। मृत युवक की पहचान रंजीत यादव के रूप में हुई है, जो पाली क्षेत्र के चैतमा गोपालपुर का रहने वाला था। युवक की तलाश के लिए जिला प्रशासन और नगर सेना (होमगार्ड) के साथ-साथ एनडीआरएफ (NDRF) की टीम को भी मैदान में उतारा गया था। जिला नगर सेना की रेस्क्यू टीम सोमवार सुबह से ही लगातार सर्च ऑपरेशन चला रही थी।
दोस्तों के बीच लगी शर्त के बाद लगाई थी छलांग
मिली जानकारी के अनुसार, पाली थाना अंतर्गत चैतमा गोपालपुर निवासी रंजीत यादव अपने कुछ दोस्तों के साथ घूमने के लिए बांगो डैम पहुंचा था। बताया जा रहा है कि वहां दोस्तों के बीच आपस में यह शर्त लगी थी कि कौन बांध के पानी में छलांग लगाकर आगे निकलता है। इसी शर्त के रोमांच में आकर रंजीत ने गहरे पानी में छलांग लगा दी थी। पानी में कूदने के बाद उसका एक तैरते हुए लाइव वीडियो भी सामने आया था, लेकिन उसके बाद से वह अचानक लापता हो गया था।
घटना के बाद से ही जिला नगर सेना, गोताखोरों की टीम और स्थानीय प्रशासन लगातार रेस्क्यू अभियान में जुटे हुए थे। आधुनिक मोटरबोट के माध्यम से पूरे विशाल बांध क्षेत्र में सघन सर्चिंग की गई। इस दौरान युवक के परिजन भी मौके पर मौजूद रहे। तलाश के काम को और तेज करने के लिए प्रशासन ने बांध का गेट नंबर 2 समेत कुल गेटों को खोलकर पानी का स्तर नियंत्रित करने का प्रयास किया था।
बांध के 9 गेट खोले जाने से उफान पर हसदेव नदी
बांगो बांध में लगातार बढ़ रही पानी की आवक को देखते हुए सुरक्षा के मद्देनजर कुल 9 गेटों को खोलना पड़ा। इन सभी गेटों को लगभग 6 मीटर की ऊंचाई तक खोला गया था। जल संसाधन विभाग से प्राप्त आंकड़ों के अनुसार, बांध से टरबाइन के पानी को मिलाकर कुल 41,080 क्यूसेक पानी डिस्चार्ज किया गया, जिसमें अकेले गेटों से 32,080 क्यूसेक और जलविद्युत संयंत्र से 9,000 क्यूसेक पानी छोड़ा गया।
इतनी भारी मात्रा में एक साथ पानी छोड़े जाने के कारण downstream में बहने वाली हसदेव नदी विकराल रूप ले चुकी है और वह उफान पर है। ऊपर की ओर कोरिया और सूरजपुर जिलों में हुई मूसलाधार बारिश के चलते बांगो बांध का जलस्तर बढ़कर 94 प्रतिशत तक पहुंच गया है। खतरे को भांपते हुए प्रशासन ने नदी के तटीय इलाकों में बसने वाले गांवों में हाई अलर्ट जारी कर मुनादी करा दी है।
सीतामढ़ी क्षेत्र के घरों में घुसा पानी, प्रशासन की अपील
उधर, कोरबा शहर के सीतामढ़ी इलाके में भी हसदेव नदी का पानी ओवरफ्लो होकर कई रिहायशी घरों के अंदर तक घुस गया है। नदी का जलस्तर खतरे के निशान के करीब पहुंचने से डरे हुए लोग अपने घरों को छोड़कर सुरक्षित स्थानों और अपने रिश्तेदारों के यहां शरण लेने को मजबूर हैं। जिला प्रशासन ने आम नागरिकों से बार-बार यह अपील की है कि कोई भी व्यक्ति नदी के किनारे न जाए और किसी भी प्रकार की अफवाहों पर ध्यान न दें। रेस्क्यू टीम ने कड़े संघर्ष के बाद आखिरकार लापता युवक के शव को ढूंढ निकाला है, जबकि प्रशासन द्वारा बांध और नदी के जलस्तर पर लगातार कड़ी नजर रखी जा रही है।









