झालावाड़/जयपुर। राजस्थान में मानसून के दोबारा जोर पकड़ते ही कई हिस्सों में झमाझम बारिश का सिलसिला जारी है। मौसम केंद्र ने मंगलवार को राज्य के 6 जिलों में भीषण वर्षा का 'ऑरेंज अलर्ट' और 17 जिलों में मूसलाधार बारिश की संभावना देखते हुए 'यलो अलर्ट' जारी किया है। हाड़ौती अंचल में सोमवार को हुई भारी बारिश से नदियां-नाले उफान पर हैं और जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। बिगड़ते मौसम को देखते हुए झालावाड़ जिला प्रशासन ने मंगलवार को सभी विद्यालयों में छुट्टी घोषित कर दी है।
बांधों के गेट खुले, निचले इलाकों में अलर्ट
पानी की भारी आवक के कारण कालीसिंध और छापी बांध के कई गेट खोलकर जल निकासी की जा रही है। इससे निचले क्षेत्रों में जलभराव और बाढ़ जैसी स्थिति पैदा हो गई है, जिसके चलते प्रशासन ने संबंधित इलाकों को सतर्क कर दिया है। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार आगामी तीन दिनों तक प्रदेश के कई हिस्सों में वर्षा का यह दौर जारी रहेगा।
झालावाड़ में रिकॉर्ड 12 इंच बारिश
झालावाड़ जिले में बीते 24 घंटों में रिकॉर्डतोड़ बारिश दर्ज की गई। सुनेल कस्बे में सबसे अधिक 300 मिमी (लगभग 12 इंच) पानी बरसा। इसके अलावा बाकनी में 270 मिमी, पिड़ावा में 262 मिमी, रायपुर में 220 मिमी, मनोहरथाना में 101 मिमी, झालावाड़ शहर में 88 मिमी, अकलेरा में 78 मिमी तथा गंगधार में 71 मिमी बारिश दर्ज हुई। हाड़ौती के कोटा, बूंदी और बारां में भी लगातार बारिश से सड़कों और बस्तियों में पानी भर गया है।
उदयपुर संभाग और मरुधरा में बदला मौसम
उदयपुर संभाग के डूंगरपुर, चित्तौड़गढ़, राजसमंद सहित बांसवाड़ा, झुंझुनूं और प्रतापगढ़ में भी अच्छी बारिश हुई है। वहीं बीकानेर के श्रीडूंगरगढ़ और टोंक में मूसलाधार पानी बरसने से बाजार जलमग्न हो गए। राजधानी जयपुर में भी सोमवार दोपहर बाद मौसम का मिजाज बदला और कई इलाकों में तेज बौछारें पड़ीं।
मानसून ट्रफ से तीन दिन भारी बारिश के आसार
मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक बीकानेर, दतिया और उत्तर मध्य प्रदेश पर बने कम दबाव के क्षेत्र से होकर मानसून ट्रफ गुजर रही है। इसके असर से कोटा और उदयपुर संभाग में कहीं-कहीं अत्यंत भारी बारिश होने की आशंका है।







