वर्ल्ड कप फाइनल की कड़वी यादों के बाद जिदान को मिली फ्रांस टीम की सबसे बड़ी जिम्मेदारी

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फ्रांस फुटबॉल महासंघ (FFF) ने दिग्गज फुटबॉलर जिनेदिन जिदान को राष्ट्रीय फुटबॉल टीम का नया मुख्य कोच नियुक्त कर दिया है। लंबे समय से इस पद के प्रबल दावेदार माने जा रहे जिदान अब दिदिएर डेशॉम्प का स्थान लेंगे। वर्ष 2026 के फीफा विश्व कप में फ्रांस के निराशाजनक प्रदर्शन के पश्चात डेशॉम्प का 14 वर्षों का लंबा कार्यकाल समाप्त हो गया था।

कोचिंग में जिदान की वापसी और नया अनुबंध

वर्ष 2021 में रियल मैड्रिड छोड़ने के बाद से कोचिंग की दुनिया से दूर रहे जिदान की यह राष्ट्रीय टीम के साथ वापसी है। बतौर खिलाड़ी 1998 में फ्रांस को पहला विश्व कप दिलाने वाले जिदान अब मुख्य कोच के रूप में टीम को एक बार फिर विश्व फुटबॉल के सर्वोच्च शिखर पर पहुँचाने का कमान संभालेंगे। उन्होंने फ्रांसीसी महासंघ के साथ चार वर्षों का अनुबंध (कॉन्ट्रैक्ट) साइन किया है, जिसके तहत वर्ष 2030 तक उनकी यह जिम्मेदारी तय की गई है।

2006 विश्व कप फाइनल का वह चर्चित प्रसंग

जिदान का नाम वर्ष 2006 के फीफा विश्व कप के फाइनल मुकाबले की उस ऐतिहासिक घटना से भी जुड़ा हुआ है, जिसे खेल इतिहास के सबसे विवादास्पद पलों में गिना जाता है। इटली के विरुद्ध खेले गए उस खिताबी मुकाबले में उन्होंने मार्को मातेरात्सी को सिर से टक्कर (हेडबट) मार दी थी, जिसके परिणामस्वरूप उन्हें लाल कार्ड (रेड कार्ड) दिखाकर मैदान से बाहर करना पड़ा था। अतिरिक्त समय में अपने सबसे अनुभवी खिलाड़ी के बिना खेलने वाली फ्रांसीसी टीम अंततः पेनल्टी शूटआउट में पराजित हो गई थी। वह मुकाबला जिदान के शानदार और स्वर्णिम खिलाड़ी करियर का अंतिम मैच भी साबित हुआ था।

रियल मैड्रिड के साथ ऐतिहासिक उपलब्धियां

मैदान पर जादू बिखेरने वाले जिदान का बतौर कोच रिकॉर्ड भी अत्यंत शानदार रहा है। वर्ष 2016 से 2021 के बीच स्पेनिश क्लब रियल मैड्रिड के साथ अपने दो अलग-अलग कार्यकालों में उन्होंने क्लब को यूरोप की सबसे प्रभावशाली और सफल टीम बना दिया था। वह आधुनिक फुटबॉल इतिहास में लगातार तीन बार यूईएफए चैंपियंस लीग का प्रतिष्ठित खिताब जीतने वाले दुनिया के पहले और इकलौते कोच बने।

  • रियल मैड्रिड के साथ प्रमुख सफलताएं:

    • तीन बार यूईएफए चैंपियंस लीग का खिताब (2016, 2017, 2018)

    • दो बार ला लिगा (La Liga) चैंपियनशिप

    • दो बार फीफा क्लब विश्व कप विजेता

    • दो बार यूईएफए सुपर कप विजेता

    • दो बार स्पैनिश सुपर कप विजेता

विश्व कप के बाद नई शुरुआत और लक्ष्य

हाल ही में संपन्न 2026 के फीफा विश्व कप के सेमीफाइनल मुकाबले में फ्रांस को स्पेन के हाथों हार का सामना करना पड़ा था। इसके पश्चात तीसरे स्थान के प्ले-ऑफ मुकाबले में भी इंग्लैंड ने उन्हें 6-4 से शिकस्त देकर चौथे स्थान पर धकेल दिया था, जिसके साथ ही डेशॉम्प के कार्यकाल का समापन हो गया।

अब फ्रांस की युवा और प्रतिभाशाली पीढ़ी को तराशने और जीत की राह पर ले जाने की पूरी जिम्मेदारी जिदान के कंधों पर आ गई है। टीम में कई अनुभवी खिलाड़ियों के साथ-साथ उत्कृष्ट युवा प्रतिभाएं भी मौजूद हैं, और उनसे आगामी यूरो 2028 के लिए एक मजबूत और अजेय टीम तैयार करने की पुरजोर उम्मीद की जा रही है।

यूईएफए नेशंस लीग से होगी नई पारी की शुरुआत

जिदान अपने नए कार्यकाल का आधिकारिक आगाज इसी वर्ष आयोजित होने वाले यूईएफए नेशंस लीग से करेंगे। इस टूर्नामेंट में फ्रांस को तुर्किये, बेल्जियम और इटली के साथ एक ही ग्रुप में रखा गया है। बतौर कोच उनकी पहली अग्निपरीक्षा आगामी 25 सितंबर को तुर्किये के खिलाफ होने वाले मुकाबले से होगी। इसके बाद उनका प्राथमिक और सबसे बड़ा लक्ष्य फ्रांस की टीम को यूरो 2028 के लिए तैयार करना तथा अंतरराष्ट्रीय फुटबॉल में एक बार फिर सर्वोच्च स्थान पर स्थापित करना होगा।