जबलपुर। विद्युत विभाग ने पुलिस बल के साथ मिलकर शहर के विभिन्न इलाकों में बड़े पैमाने पर छापेमारी अभियान चलाया है। इस संयुक्त कार्रवाई के दौरान विशेष अदालत से गैर-जमानती वारंट प्राप्त करने वाले कई बकायेदारों को दबोचा गया, जिससे बिजली चोरों और बिल न चुकाने वालों में हड़कंप मच गया है।
छापेमारी और धरपकड़ की मुख्य कार्रवाई
गिरफ्तारी और जेल: नया मोहल्ला के मोहम्मद शाकिर, मिलौनीगंज के मोहम्मद इस्माईल और गोहलपुर के मोहम्मद समीर को गैर-जमानती वारंट के आधार पर गिरफ्तार कर अदालत में पेश किया गया, जहाँ से उन्हें सीधे जेल भेज दिया गया।
पुलिस अभिरक्षा और भुगतान: विजयनगर पुलिस ने त्रिमूर्तिनगर के सुनील कुमार पांडे को हिरासत में लिया। वहीं, संजीवनी नगर की लालबाबा बस्ती के टीकाराम झारिया ने पकड़े जाने के तुरंत बाद 34,461 रुपये का बकाया भुगतान कर दिया। इसके अलावा, ओमती क्षेत्र के इरफान रहमान ने 41,668 रुपये अदा करने का लिखित वचन दिया।
निरंतरता: अधीक्षण अभियंता संजय अरोरा के अनुसार, यह विशेष धरपकड़ अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा।
लोक अदालत से पहले नोटिस और सख्त चेतावनी
शनिवार को आयोजित होने वाली लोक अदालत के मद्देनजर बिजली विभाग और विशेष न्यायालय ने कड़ा रुख अपनाया है:
समन और नोटिस: न्यायालय ने मामलों के त्वरित निराकरण के लिए 750 समन जारी किए हैं, जबकि बिजली अमले ने प्री-लिटिगेशन के तहत शहर में 5,500 नोटिस विभिन्न क्षेत्रों में तामील कराए हैं।
समझौता का अंतिम अवसर: जिन उपभोक्ताओं ने बार-बार तकादा करने के बावजूद बिल नहीं चुकाया है, उनके पास लोक अदालत में आपसी सहमति से समझौता करने का यह अंतिम वैधानिक मौका है।
कड़ी कार्रवाई की चेतावनी: यदि इस मंच पर भी बकाया राशि नहीं चुकाई गई, तो मामलों को नियमित अदालत में स्थानांतरित कर संपत्ति कुर्की और गिरफ्तारी की सीधी कानूनी प्रक्रिया शुरू की जाएगी।
गुरुवार सुबह से शुरू होकर देर रात तक चले इस अभियान के दौरान क्षेत्रीय थानों की पुलिस टीमों ने विभागीय इंजीनियरों के साथ संवेदनशील बस्तियों में गश्त की और मीटर, कनेक्शन व लोड की भौतिक स्थिति की जांच की। अफसरों ने स्पष्ट किया है कि बकाया राशि और जुर्माने की भरपाई न करने वालों को अब कोई मोहलत नहीं दी जाएगी।









