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देरी से आया मानसून, लेकिन आते ही बरसा जमकर; 30+ जिलों में बारिश

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भोपाल। मध्य प्रदेश के लोगों के लिए एक बड़ी और राहत भरी खबर है। भीषण गर्मी और लंबे इंतजार के बाद आखिरकार मानसून ने मध्य प्रदेश में दस्तक दे दी है। हालांकि, इस बार मानसून अपने तय समय (15 जून) से करीब 9 दिन की देरी से पहुंचा है। बुधवार (24 जून) को प्रदेश के दक्षिणी, दक्षिण-पश्चिमी और दक्षिण-पूर्वी हिस्सों में झमाझम बारिश हुई। मौसम विभाग के मुताबिक, मानसून ने बालाघाट के रास्ते राज्य में एंट्री ली है और अगले 2 से 3 दिनों के भीतर इसके पूरे मध्य प्रदेश में आगे बढ़ने की उम्मीद है।

राजधानी भोपाल समेत 30 से अधिक जिलों में झमाझम बारिश

बुधवार शाम को राजधानी भोपाल में तेज हवाओं के साथ जोरदार बारिश का दौर शुरू हुआ, जो देर रात तक चलता रहा। भोपाल के अलावा इंदौर, जबलपुर, उज्जैन, नीमच, कटनी और सिवनी समेत 30 से ज्यादा जिलों में अच्छी बारिश दर्ज की गई। छिंदवाड़ा जिले के चांद इलाके में सबसे ज्यादा 75.2 मिलीमीटर बारिश रिकॉर्ड हुई। इसके साथ ही राहतगढ़, लखनादौन, पांढुर्णा और नरेटन में भी भारी वर्षा हुई, जबकि सीहोर में 52 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलीं और बालाघाट में ओले भी गिरे।

कहीं ठंडक का अहसास तो कहीं अब भी तपिश बरकरार

बारिश के चलते प्रदेश के कई हिस्सों में तापमान में भारी गिरावट आई है। मध्य प्रदेश का एकमात्र हिल स्टेशन पचमढ़ी लगातार सबसे ठंडा बना हुआ है, जहाँ न्यूनतम तापमान 19.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। इसके अलावा दमोह, धार, खंडवा, अमरकंटक और सागर में भी रात का तापमान 20 से 22 डिग्री के बीच रहा जिससे लोगों को ठंडक का अहसास हुआ। इसके विपरीत, सीधी और दतिया बुधवार को राज्य के सबसे गर्म शहर रहे, जहाँ अधिकतम तापमान 41.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।

अगले 3 दिनों के लिए मौसम विभाग का अलर्ट

मौसम विभाग (IMD) के अनुसार, आने वाले 3 दिनों तक प्रदेश के मौसम में कोई बड़ा बदलाव नहीं होगा और बारिश का यह सिलसिला लगातार जारी रहेगा। मौसम वैज्ञानिकों ने सीहोर और जबलपुर जिलों के लिए 'ऑरेंज अलर्ट' जारी करते हुए वहाँ तेज हवाओं के साथ भारी बारिश की आशंका जताई है। इसके अलावा बैतूल, छिंदवाड़ा और पांढुर्णा में भी भारी बारिश की चेतावनी दी गई है। वहीं, भोपाल, विदिशा, इंदौर, धार, झाबुआ, सागर और मैहर समेत 30 जिलों के लिए 'यलो अलर्ट' जारी किया गया है। दूसरी तरफ, सीधी जिले में अभी भी लू (Heat Wave) चलने की संभावना है, जहाँ पारा 40 डिग्री के पार रह सकता है।

गोदाम हादसे में बढ़ा मौत का आंकड़ा, प्रधानमंत्री ने जताया दुख और किया मुआवजे का ऐलान

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कोलकाता। पश्चिम बंगाल की राजधानी कोलकाता के तारतला इलाके से एक बेहद दर्दनाक हादसे की खबर सामने आई है। यहाँ बुधवार दोपहर को श्यामा प्रसाद मुखर्जी पोर्ट की जमीन पर बन रहा एक निर्माणाधीन तीन मंजिला गोदाम अचानक ताश के पत्तों की तरह ढह गया। इस भीषण हादसे में अब तक आठ मजदूरों की मौत हो चुकी है, जबकि कई अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी इस दुखद घटना का संज्ञान लेते हुए गहरा शोक व्यक्त किया है।

प्रधानमंत्री ने किया मुआवजे का एलान

इस हादसे पर गहरा दुख जताते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर मृतकों और घायलों के परिवारों के लिए मुआवजे की घोषणा की है। उन्होंने लिखा कि कोलकाता में हुई यह दुर्घटना बेहद दुखद और विचलित करने वाली है। प्रधानमंत्री राष्ट्रीय राहत कोष (PMNRF) की तरफ से इस हादसे में जान गंवाने वाले प्रत्येक व्यक्ति के परिजनों को 2-2 लाख रुपये की अनुग्रह राशि दी जाएगी। इसके साथ ही, हादसे में गंभीर रूप से घायल हुए लोगों के इलाज के लिए 50,000 रुपये की आर्थिक सहायता दी जाएगी।

राहत और बचाव कार्य में जुटी टीमें

हादसे के बाद से ही घटनास्थल पर अफरा-तफरी का माहौल है। मलबे में दबे लोगों को बाहर निकालने के लिए राहत और बचाव कार्य युद्ध स्तर पर चलाया जा रहा है। प्रधानमंत्री ने प्रशासन की तैयारियों को लेकर कहा कि स्थानीय प्रशासन और राज्य सरकार की टीमें प्रभावित लोगों को हर संभव सहायता पहुँचाने के लिए चौबीसों घंटे पूरी मुस्तैदी से काम कर रही हैं। घायलों को मलबे से निकालकर तुरंत नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया है, जहाँ उनका इलाज जारी है।

अग्निकांड के बाद सख्ती, बुलडोजर से ढहाया जाएगा कोचिंग वाला अवैध भवन

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लखनऊ। उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ के अलीगंज इलाके में स्थित एक अवैध कॉम्प्लेक्स में सोमवार को भीषण आग लग गई थी, जिसमें 15 लोगों की दर्दनाक मौत हो गई। इस भयावह हादसे के बाद लखनऊ विकास प्राधिकरण (एलडीए) बेहद सख्त रुख अपना रहा है और उस अवैध कॉम्प्लेक्स को पूरी तरह से जमींदोज (ध्वस्त) करने की तैयारी शुरू कर दी है। बुधवार सुबह एलडीए की पांच सदस्यीय जांच समिति मामले की जांच के लिए खुद मौके पर पहुंची।

7 जुलाई को चलेगा बुलडोजर, एक और नोटिस चस्पा

एलडीए ने अग्निकांड वाली इस अवैध इमारत पर तस्वीरों के साथ एक नया नोटिस चस्पा कर दिया है। इस नोटिस के मुताबिक, आगामी 7 जुलाई को इस पूरी बिल्डिंग पर बुलडोजर चलाया जाएगा। जांच में सामने आया है कि महज 185 वर्गमीटर के इस आवासीय प्लॉट का नक्शा पास कराकर पिछले 10 सालों से बेसमेंट समेत चार मंजिलों पर अवैध रूप से व्यापारिक गतिविधियां चलाई जा रही थीं। इस अवैध निर्माण को लेकर कोई सही दस्तावेज नहीं मिले हैं, जिसके चलते बिना अनुमति निर्माण करने पर 50 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है। 23 जून को जारी इस नोटिस की अवधि 7 जुलाई को खत्म हो रही है, जिसके तुरंत बाद ध्वस्तीकरण की कार्रवाई की जाएगी।

बगल की इमारतों को बचाने के लिए सुरक्षा का खाका तैयार

चूंकि यह कॉम्प्लेक्स काफी भीड़भाड़ वाले और व्यस्त इलाके में है और इसके आसपास कई अन्य घर और दुकानें हैं, इसलिए एलडीए की टीम ने बुधवार को पूरे क्षेत्र का बारीकी से निरीक्षण किया। मुख्य अभियंता ने इस बात की दिशा तय की है कि बिल्डिंग को किस तरफ से गिराया जाए ताकि आसपास के मकानों को कोई नुकसान न हो। इसके साथ ही बिजली विभाग के इंजीनियरों ने भी कार्रवाई के दौरान बिजली आपूर्ति रोकने और सुरक्षा के अन्य पुख्ता इंतजामों की जांच की है।

एसआईटी की पूछताछ में छूटे अफसरों के पसीने

इस पूरे हादसे की जांच के लिए शासन स्तर पर गठित एसआईटी (विशेष जांच दल) के सामने जब एलडीए की टीम पेश हुई, तो उनसे तीखे सवाल किए गए। एसआईटी ने पूछा कि जब साल 2016 में ही इस इमारत को गिराने का नोटिस दिया गया था, तो उसे बाद में रद्द क्यों किया गया? इस पर टीम ने सफाई दी कि तब केवल एक हलफनामा लेकर आदेश वापस ले लिया गया था। जब एसआईटी ने दोबारा पूछा कि सिर्फ दो मंजिला आवासीय नक्शा पास होने के बावजूद इसके ऊपर दो अतिरिक्त मंजिलें और बेसमेंट कैसे बन गया, तो अधिकारियों के पसीने छूट गए। इस लापरवाही के लिए जिम्मेदार तत्कालीन पांच इंजीनियरों की पहचान कर उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की सिफारिश की गई है।

आरोपियों की दूसरी अवैध बिल्डिंग भी आई रडार पर

जांच के दौरान पुलिस और एलडीए को इस हादसे के जिम्मेदार वीरेंद्र प्रसाद शुक्ल और सुरेंद्र प्रसाद शुक्ल की अलीगंज के सेक्टर डी में ही एक और बड़ी संपत्ति का पता चला है। इस आवासीय भवन में भी बेसमेंट से लेकर तीन मंजिलों तक अवैध रूप से कमर्शियल काम चल रहा है, जहाँ छह महीने पहले भी आग लगी थी। वर्तमान में इसके बेसमेंट में एक ब्यूटी पार्लर चल रहा है और जनरेटर सड़क पर ही रखा हुआ है। एलडीए की टीम अब इस दूसरी बिल्डिंग के भी रिकॉर्ड खंगाल रही है और शुक्रवार तक यहाँ भी कार्रवाई का नोटिस चस्पा कर दिया जाएगा।

मासूम की हत्या से दहली दिल्ली, आरोपी ड्राइवर को लेकर हुआ चौंकाने वाला खुलासा

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नई दिल्ली। देश की राजधानी दिल्ली के दक्षिणी इलाके से एक बेहद हैरान और विचलित करने वाला मामला सामने आया है। यहाँ एक कैब ड्राइवर ने 11 साल की मासूम बच्ची का अपहरण करने के बाद उसकी बेरहमी से हत्या कर दी। पुलिस की गिरफ्त में आए आरोपी ड्राइवर ने पूछताछ में कई चौंकाने वाले खुलासे किए हैं। आरोपी ने बताया कि वह करीब 15 दिन पहले ही बिहार से दिल्ली वापस आया था। पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपी का पुराना आपराधिक रिकॉर्ड रहा है और उस पर बिहार में पहले से ही हत्या के प्रयास सहित पाँच गंभीर मामले दर्ज हैं।

बहला-फुसलाकर कार में ले गया आरोपी

यह खौफनाक वारदात 22 जून की सुबह की है, जब आरोपी बाशू कुमार सिंह (29) ने मेहरौली के छतरपुर मेट्रो स्टेशन के पास से मासूम बच्ची का अपहरण कर लिया। आरोपी वहाँ सो रही बच्ची को चुपचाप उठाकर अपनी कार में ले गया। जब बच्ची की आँख खुली और उसने रोना शुरू किया, तो आरोपी ने उसे बहलाया और झूठ बोला कि वह उसे थोड़ी दूर घुमाकर वापस घर छोड़ देगा। आरोपी की बातों में आकर मासूम बच्ची दोबारा कार में ही सो गई।

यौन उत्पीड़न की कोशिश और मेडिकल जांच में खुलासा

बच्ची को सुलाने के बाद आरोपी कार को करीब 10-12 किलोमीटर दूर मंडी रोड की तरफ ले गया। वहाँ सुनसान जगह देखकर उसने बच्ची के साथ यौन उत्पीड़न करने की कोशिश की। हालांकि, आरोपी ने पुलिस के सामने दावा किया कि शारीरिक कमजोरी (नपुंसकता) के कारण वह अपने मंसूबों में कामयाब नहीं हो पाया। पुलिस सूत्रों के मुताबिक, जब आरोपी की डॉक्टरी जांच कराई गई, तो मेडिकल रिपोर्ट में भी उसकी इस शारीरिक समस्या की पुष्टि हुई है। इस नाकाम कोशिश के बाद पकड़े जाने के डर से आरोपी ने मासूम की हत्या कर दी। फिलहाल पुलिस इस पूरे मामले की गहनता से जांच कर रही है ताकि आरोपी को सख्त से सख्त सजा दिलाई जा सके।

धार कलेक्टर का आदेश: मुहर्रम के अवसर पर नहीं होगी शराब की बिक्री

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धार। मध्य प्रदेश के धार जिले से एक बड़ी खबर सामने आ रही है, जहाँ आगामी शुक्रवार (26 जून) को मुहर्रम पर्व के मद्देनजर पूरे जिले में ‘ड्राई डे’ (Dry Day) घोषित कर दिया गया है। जिला कलेक्टर और जिला दंडाधिकारी राजीव रंजन मीना ने इस संबंध में आधिकारिक आदेश जारी कर दिए हैं। इस आदेश के तहत जिले की सभी शराब दुकानों और बार को पूरी तरह से बंद रखने का निर्देश दिया गया है, ताकि त्योहार के दौरान क्षेत्र में शांति और कानून-व्यवस्था बनी रहे।

आदेश के दायरे में आएंगी सभी शराब दुकानें और होटल बार

कलेक्टर द्वारा मध्य प्रदेश आबकारी अधिनियम 1915 की धारा 24(1) के तहत यह आदेश जारी किया गया है। आदेश में साफ तौर पर कहा गया है कि लोकहित और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए 26 जून को जिले की सभी कंपोजिट मदिरा दुकानें, सभी एफएल-3 (FL-3) होटल बार और रिटेल वाईन आउटलेट्स पूरी तरह बंद रहेंगे। इस निर्धारित अवधि के दौरान जिले में कहीं भी शराब की खरीद-बिक्री या परिवहन पर पूरी तरह से पाबंदी रहेगी।

लापरवाही बरतने पर लाइसेंस निरस्त करने की चेतावनी

इस आदेश को कड़ाई से लागू करने के लिए जिला प्रशासन बेहद गंभीर है। कलेक्टर ने पुलिस अधीक्षक (SP), आबकारी विभाग और जिले के सभी अनुविभागीय अधिकारियों (SDMs) को मुस्तैद रहने और नियमों का सख्ती से पालन कराने की जिम्मेदारी सौंपी है। इसके साथ ही अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि वे अवैध रूप से शराब बनाने, बेचने और उसकी तस्करी करने वालों के खिलाफ विशेष अभियान चलाकर कड़ी कार्रवाई करें। प्रशासन ने चेतावनी दी है कि आदेश का उल्लंघन करने वाले दुकानदारों और बार संचालकों का लाइसेंस तुरंत निरस्त कर दिया जाएगा।

खान सर की बढ़ी मुश्किलें या मिलेगी राहत? अग्रिम जमानत पर फैसला टला

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पटना। बिहार की राजधानी पटना की सिविल कोर्ट में आज (25 जून) मशहूर शिक्षक खान सर और रोशन आनंद के बीच चल रहे विवाद को लेकर एक बेहद महत्वपूर्ण सुनवाई हुई। इस सुनवाई के दौरान अदालत ने जहाँ एक पक्ष को बड़ी राहत दी है, वहीं दूसरे पक्ष यानी खान सर की मुश्किलें कम होती नहीं दिख रही हैं। डिस्ट्रिक्ट एंड सेशंस जज ने रोशन आनंद गुट के दो सहयोगियों अभिषेक और गौरव को बिना किसी शर्त के जमानत दे दी है। इसके विपरीत, पुलिस की केस डायरी पूरी न होने की वजह से फैसल खान उर्फ खान सर की अग्रिम जमानत याचिका और उनके दो सुरक्षा गार्डों की नियमित जमानत याचिका पर आज फैसला नहीं हो सका। अब इस मामले की अगली सुनवाई शनिवार (27 जून) को होगी।

गौरव और अभिषेक को कोर्ट से मिली बिना शर्त जमानत

अदालत की कार्यवाही के दौरान आज रौशन आनंद पक्ष के सहयोगियों, गौरव और अभिषेक की जमानत अर्जी पर दोनों पक्षों के वकीलों के बीच तीखी बहस हुई। दलीलें सुनने के बाद सेशंस जज ने दोनों की बेल याचिका को बिना किसी शर्त के मंजूर कर लिया। रौशन आनंद के वकील राघव कुमार ने स्पष्ट किया कि कोर्ट ने गौरव और अभिषेक को पूरी राहत दे दी है। फिलहाल बेल बॉन्ड भरने की प्रक्रिया और बेउर जेल से उनकी रिहाई के लिए जरूरी कागजी औपचारिकताएं पूरी की जा रही हैं, जिसके बाद दोनों को जल्द ही जेल से रिहा कर दिया जाएगा।

खान सर की अग्रिम जमानत पर सस्पेंस और गिरफ्तारी से अंतरिम रोक

दूसरी तरफ, खान सर की अग्रिम जमानत और उनके दोनों निजी गार्ड्स की रेगुलर बेल याचिका पर आज अंतिम निर्णय नहीं आ पाया। सुनवाई के दौरान जज ने पाया कि पुलिस द्वारा कोर्ट में पेश की गई अपडेटेड केस डायरी अधूरी है। इस पर कोर्ट ने सख्त रुख अपनाते हुए पुलिस को निर्देश दिया कि अगली तारीख तक हर हाल में पूरी केस डायरी जमा की जाए। अब कोर्ट इस मामले पर शनिवार 27 जून को सुनवाई करेगा। हालांकि, खान सर के लिए राहत की बात यह है कि पिछले आदेश के तहत उनकी गिरफ्तारी पर लगी अंतरिम रोक 27 जून तक बरकरार रहेगी।

पुलिस की केस डायरी में चौंकाने वाला खुलासा

भले ही खान सर को शनिवार तक गिरफ्तारी से राहत मिली हुई है, लेकिन पटना पुलिस की ओर से कोर्ट में पेश की गई केस डायरी उनके लिए आने वाले समय में बड़ी आफत बन सकती है। पुलिस ने अपनी रिपोर्ट में स्पष्ट दावा किया है कि घटनास्थल पर गोली आत्मरक्षा (सेल्फ डिफेंस) में नहीं चलाई गई थी। पुलिस के मुताबिक, इलाके में दहशत और खौफ का माहौल पैदा करने के इरादे से सीधे खान सर के कहने पर उनके दोनों पर्सनल गार्ड्स ने फायरिंग की थी। इसके विपरीत, खान सर के वकील अरविंद कुमार मौर्य ने कोर्ट में दलील दी है कि खान सर का इस फायरिंग से कोई लेना-देना नहीं है और उन्हें एक गहरी साजिश के तहत गलत तरीके से फंसाया जा रहा है।

रोशन आनंद ने लगाए हैं भाई की हत्या के गंभीर आरोप

इस पूरे मामले में दोनों ही पक्षों की तरफ से आरोप-प्रत्यारोप का दौर बहुत तेज हो चुका है। रोशन आनंद ने खान सर पर बेहद गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि खान सर उनके खिलाफ लगातार साजिश रच रहे हैं। इतना ही नहीं, उन्होंने अपने भाई प्रिंस यादव की हत्या के पीछे भी खान सर का ही हाथ होने का संगीन आरोप लगाया है। फिलहाल, इन सभी दावों और आरोपों को लेकर पुलिस की जांच और अदालती प्रक्रिया जारी है।

भोपाल में होटल की मनमानी पर कार्रवाई, अतिरिक्त कीमत वसूलने पर लगा जुर्माना

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भोपाल। मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल के एक नामी होटल को पानी की बोतल पर तय कीमत से ज्यादा पैसे वसूलना बेहद महंगा पड़ गया है। जिला उपभोक्ता आयोग ने इस मामले में सख्त रुख अपनाते हुए होटल प्रबंधन को पीड़ित ग्राहक को मुआवजा देने का बड़ा आदेश सुनाया है। अदालत ने होटल को कुल 8 हजार रुपये लौटाने और हर्जाना भरने को कहा है। यह पूरा मामला करीब चार साल पुराना है, जिस पर अब जाकर उपभोक्ता (कंज्यूमर) के पक्ष में यह अहम फैसला आया है।

60 रुपये की पानी की बोतल का थमाया 175 का बिल

यह पूरा विवाद साल 2022 का है। रायसेन रोड के रहने वाले हुकुम सिंह ठाकुर अपने कुछ दोस्तों के साथ भोपाल के मशहूर होटल रेडिसन में बुफे डिनर करने गए थे। डिनर के बाद जब उनके सामने बिल आया, तो उसे देखकर वे हैरान रह गए। बिल में 60 रुपये की पानी की बोतल के लिए उनसे सीधे 175 रुपये जोड़े गए थे। जब ग्राहक ने इस अत्यधिक कीमत का विरोध किया और आपत्ति जताई, तो होटल प्रबंधन ने उनकी बात सुनने से साफ इनकार कर दिया और मनमाना बिल वसूल लिया।

मामला सुलझाने की कोशिश नाकाम, पहुंचे उपभोक्ता अदालत

होटल के इस अड़ियल रवैये के बाद पीड़ित ग्राहक ने पहले तो आपसी बातचीत से मामला सुलझाने का प्रयास किया। जब होटल प्रबंधन अपनी गलती मानने को तैयार नहीं हुआ, तो उन्होंने हार मानने के बजाय जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग का दरवाजा खटखटाया। कोर्ट में चली सुनवाई के दौरान दोनों पक्षों ने अपनी-अपनी दलीलें पेश कीं। उपभोक्ता ने पुख्ता दस्तावेजों और बिल को सबूत के तौर पर पेश करते हुए साबित किया कि उनसे न सिर्फ पानी की ज्यादा कीमत ली गई, बल्कि उस पर अतिरिक्त जीएसटी (GST) भी वसूला गया।

अदालत का फैसला और होटल को तगड़ा झटका

दोनों पक्षों के तर्कों को सुनने और रिकॉर्ड की बारीकी से जांच करने के बाद जिला उपभोक्ता आयोग ने ग्राहक की शिकायत को बिल्कुल सही पाया। अदालत ने माना कि होटल ने नियमों के खिलाफ जाकर ग्राहक से गलत वसूली की है और उन्हें मानसिक रूप से परेशान किया है। आयोग ने होटल रेडिसन को आदेश दिया कि वह उपभोक्ता से ली गई अतिरिक्त जीएसटी की राशि तुरंत वापस करे। इसके साथ ही, ग्राहक को हुए मानसिक कष्ट और अदालती कार्यवाही में हुए खर्च की भरपाई के लिए कुल 8 हजार रुपये का हर्जाना देने का निर्देश दिया।

संस्थानों को कोर्ट की दो टूक नसीहत

इस ऐतिहासिक फैसले को सुनाते हुए उपभोक्ता आयोग ने बिजनेस संस्थानों को एक सख्त संदेश भी दिया है। आयोग ने अपने आदेश में साफ कहा कि नियमों का उल्लंघन करके ग्राहकों से अतिरिक्त पैसे वसूलना पूरी तरह गलत है। अगर कोई ग्राहक किसी गड़बड़ी की शिकायत करता है, तो कंपनियों और होटलों को समय रहते उसका समाधान करना चाहिए। अगर संस्थान अपनी मनमानी बंद नहीं करेंगे, तो ग्राहकों को कानूनी मंच पर जाकर न्याय पाने का पूरा अधिकार है।

मिसाइल विवाद पर ट्रंप की दो टूक, ईरान को भी बताया अधिकार का हकदार

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न्यूयार्क। अमेरिका और ईरान के बीच स्विट्जरलैंड में शुरू हुई वार्ता को एक बड़ी कूटनीतिक कामयाबी के रूप में देखा जा रहा है। हालांकि, जमीनी हकीकत इसके उलट है। जिन मुख्य विवादों के कारण दोनों देशों के बीच युद्ध जैसी स्थिति पैदा हुई थी, उन पर आज भी कोई ठोस सहमति नहीं बन सकी है। हैरान करने वाली बात यह है कि ईरान के जिस बैलिस्टिक मिसाइल कार्यक्रम को रोकना इजराइली प्रधानमंत्री नेतन्याहू का सबसे बड़ा मकसद था, उसे बातचीत के एजेंडे से ही पूरी तरह बाहर कर दिया गया है।

मिसाइल कार्यक्रम पर ईरान की दो टूक और ट्रंप का बदलता रुख

युद्ध की शुरुआत में अमेरिका और इजराइल ने दावा किया था कि तेहरान की मिसाइल क्षमता पूरी दुनिया और क्षेत्रीय सुरक्षा के लिए एक बड़ा खतरा है और इसे नष्ट करना उनका मुख्य उद्देश्य है। लेकिन अब हालात बदल चुके हैं। पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने साफ किया है कि अमेरिका-ईरान समझौते में मिसाइल कार्यक्रम का कोई जिक्र ही नहीं है। वहीं, ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियन ने भी दो टूक कहा है कि उनका देश अपने मिसाइल कार्यक्रम पर किसी भी कीमत पर समझौता नहीं करेगा, क्योंकि यही मिसाइलें उनकी सुरक्षा की गारंटी हैं। दिलचस्प बात यह है कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप भी अपने पुराने रुख से पीछे हटते दिख रहे हैं। अप्रैल में जहाँ वाशिंगटन ईरान की मिसाइलों को नष्ट करना चाहता था, वहीं अब ट्रंप कह रहे हैं कि अगर दूसरे देशों के पास मिसाइलें हैं, तो ईरान के पास भी कुछ मिसाइलें होना गलत नहीं है।

परमाणु कार्यक्रम और होर्मुज स्ट्रेट पर बरकरार है सस्पेंस

दोनों देशों के बीच परमाणु कार्यक्रम का मुद्दा भी अब तक अनसुलझा है। अमेरिका चाहता है कि ईरान अपने परमाणु ठिकानों की अंतरराष्ट्रीय जांच (निरीक्षण) कराए और परमाणु हथियार न बनाने की लिखित गारंटी दे। दूसरी तरफ, तेहरान का लगातार कहना है कि उसका परमाणु कार्यक्रम केवल शांतिपूर्ण उद्देश्यों और ऊर्जा के लिए है। दोनों पक्षों के बीच अविश्वास की खाई इतनी गहरी है कि तेल व्यापार के सबसे महत्वपूर्ण रास्ते 'होर्मुज स्ट्रेट' को लेकर भी तनाव कम नहीं हुआ है। अमेरिका इस समुद्री मार्ग को अंतरराष्ट्रीय व्यापार के लिए पूरी तरह खुला और सुरक्षित रखना चाहता है, जबकि ईरान इस रणनीतिक रास्ते पर अपना दबदबा छोड़ने को तैयार नहीं है।

इजराइल बना शांति समझौते की सबसे बड़ी बाधा

इस पूरे शांति समझौते में इजराइल सबसे बड़ा रोड़ा बनकर उभरा है। अमेरिका जहाँ क्षेत्र में संघर्ष को पूरी तरह खत्म करना चाहता है, वहीं इजराइल अब भी दक्षिणी लेबनान से अपनी सेना हटाने को राजी नहीं है। इजराइल ने शर्त रखी है कि जब तक हिज्बुल्लाह का पूरी तरह से निशस्त्रीकरण नहीं हो जाता, वह पीछे नहीं हटेगा। इससे साफ है कि इस मामले में वाशिंगटन और इजराइल की सोच और प्राथमिकताओं में बड़ा अंतर आ चुका है।

युद्ध टला, पर स्थायी शांति की उम्मीद कम

स्विट्जरलैंड में अगले 60 दिनों के भीतर एक अंतिम समझौते पर पहुँचने की कोशिशें की जाएंगी। लेकिन वर्तमान परिस्थितियों को देखकर ऐसा लगता है कि न तो मिसाइल मुद्दे पर कोई सहमति बनी है, न परमाणु विवाद का हल निकला है और न ही इजराइल अमेरिकी रणनीति के साथ खड़ा दिखाई दे रहा है। ऐसे में यह कहना बेहद मुश्किल है कि यह युद्ध विराम कुछ हफ्तों या महीनों का है, या फिर यह किसी बड़े और नए टकराव की उलटी गिनती है।

शेयर बाजार में दमदार रिकवरी, सेंसेक्स-निफ्टी ने फिर पकड़ी रफ्तार

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मुंबई। पिछले कारोबारी सत्र की तेजी को बरकरार रखते हुए भारतीय शेयर बाजार में गुरुवार की सुबह एक बार फिर जबरदस्त लिवाली (खरीदारी) देखने को मिली। अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल के दामों में आई कमी ने निवेशकों के हौसले बुलंद कर दिए हैं, जिससे बाजार के माहौल में एक नया जोश साफ महसूस किया जा रहा है।

शुरुआती आंकड़ों में बढ़त, IT और एविएशन शेयरों का जलवा

सुबह 09:16 बजे जैसे ही बाजार खुला, चारों तरफ मजबूती का रुख नजर आया। बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) का सेंसेक्स 367.18 अंक यानी 0.47% की मजबूती के साथ 77,358.40 के स्तर पर ओपन हुआ। वहीं, नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) का निफ्टी भी 104.75 अंक (0.44%) की बढ़त दर्ज करते हुए 24,126.40 के स्तर पर पहुंच गया। ट्रेडिंग शुरू होने के कुछ ही मिनटों के भीतर सेंसेक्स में 400 अंकों से ज्यादा का उछाल आ गया। शुरुआती मिनटों में ही प्रमुख आईटी कंपनी एचसीएल टेक और देश की बड़ी विमानन कंपनी इंडिगो के शेयरों में 2-2 फीसदी की शानदार तेजी देखी गई।

बाजार में अचानक आई इस तेजी की दो बड़ी वजहें

पिछले सत्र में निफ्टी 24,021 के स्तर पर बंद हुआ था। आज बाजार को ऊपर ले जाने में दो मुख्य कारकों ने बड़ी भूमिका निभाई है:

  • क्रूड ऑयल के दामों में बड़ी कमी: ग्लोबल मार्केट में ब्रेंट क्रूड फिसलकर करीब 76 डॉलर प्रति बैरल पर आ गया है, जो कि बीते चार महीनों का इसका सबसे कम स्तर है। भारत जैसे बड़े आयातक देश के लिए तेल का सस्ता होना अर्थव्यवस्था और कंपनियों के मार्जिन के लिए बहुत अच्छी खबर है।

  • वैश्विक आपूर्ति व्यवस्था में सुधार: होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) के रास्ते जहाजों का आवागमन अब बेहतर हो रहा है। इससे दुनिया भर में तेल की सप्लाई रुकने की आशंकाएं काफी कम हो गई हैं, जिससे निवेशकों का भरोसा मजबूत हुआ है।

विदेशी बाजारों का मिला-जुला रुख

घरेलू बाजार में तेजी के बीच दुनिया के बाकी बाजारों से मिले-जुले संकेत मिल रहे हैं:

  • यहाँ रही तेजी: जापान के निक्केई/टोपिक्स इंडेक्स में 1.3% की बेहतरीन तेजी देखी गई। इसके साथ ही अमेरिकी बाजार में एसएंडपी 500 फ्यूचर्स भी 0.5% की बढ़त के साथ कारोबार कर रहे हैं।

  • यहाँ दिखा दबाव: दूसरी तरफ कुछ एशियाई बाजारों में सुस्ती रही। हांगकांग का हैंग सेंग 1.2% टूट गया, जबकि शंघाई कंपोजिट में 0.2% और ऑस्ट्रेलिया के एसएंडपी/एएसएक्स 200 में 0.3% की गिरावट रही। यूरो स्टॉक्स 50 फ्यूचर्स में कोई बड़ा बदलाव नहीं देखा गया।

आगे के लिए क्या है अनुमान?

मार्केट एक्सपर्ट्स का मानना है कि सस्ते कच्चे तेल ने भारतीय बाजार को एक मजबूत सहारा (कुशन) दे दिया है। जब तक अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कोई बड़ी नकारात्मक खबर या घटनाक्रम सामने नहीं आता, तब तक निवेशकों का यह सकारात्मक रुख बाजार को आगे भी नई ऊंचाइयों पर ले जा सकता है।

बड़ा साइबर फ्रॉड उजागर! फर्जी कॉल सेंटर पर छापा, 20 मोबाइल और 35 सिम जब्त

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नई दिल्ली। दिल्ली पुलिस की साइबर सेल को एक बड़ी कामयाबी मिली है। पुलिस ने निर्यातकों (एक्सपोर्टर्स) से ठगी करने वाले एक बहुत बड़े गिरोह का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने एक फर्जी कॉल सेंटर पर छापेमारी कर इसके मालिक समेत कुल 18 लोगों को गिरफ्तार किया है। यह शातिर गिरोह भोले-भले कारोबारियों को विदेशी खरीदार (बायर) और जरूरी एक्सपोर्ट सर्टिफिकेट दिलाने का झांसा देकर लाखों रुपये की धोखाधड़ी कर रहा था।

वेबसाइट और झूठे वादों का जाल

इस पूरे फर्जीवाड़े का खुलासा नेशनल साइबर क्राइम रिपोर्टिंग पोर्टल पर दर्ज शिकायतों की जांच के बाद हुआ। यह गिरोह INDIA2EXPORTS.COM नाम की एक फर्जी वेबसाइट चला रहा था। इसके जरिए वे निर्यातकों को झांसा देते थे कि वे उन्हें विदेशों से बड़े-बड़े आर्डर दिलाएंगे। शुरुआत में वे रजिस्ट्रेशन के नाम पर 5,000 रुपये लेते थे, और फिर सर्विस पैकेज के नाम पर 19,780 रुपये ऐंठ लेते थे।

फर्जी विदेशी खरीदार बनकर ठगी

पीड़ितों को पूरी तरह अपने जाल में फंसाने के लिए यह गिरोह इंटरनेशनल व्हाट्सएप नंबरों का इस्तेमाल करता था। आरोपी खुद ही विदेशी खरीदार बनकर निर्यातकों से चैटिंग करते थे, ताकि उन्हें लगे कि सच में कोई विदेशी डील हो रही है। इसके बाद ग्लोबल जीएपी और अन्य जरूरी सर्टिफिकेट दिलाने के बहाने वे पीड़ितों से 41,300 रुपये और वसूलते थे। जैसे ही पैसे उनके खाते में आते, वे अपना फोन बंद कर संपर्क तोड़ देते थे। अब तक ऐसे 19 मामलों में यह गिरोह करीब 10.57 लाख रुपये से अधिक की ठगी कर चुका है।

फर्जी कॉल सेंटर पर छापा और गिरफ्तारियां

नई दिल्ली जिले की साइबर पुलिस टीम ने पुख्ता जानकारी के बाद इस फर्जी कॉल सेंटर पर अचानक छापा मारा। इस दौरान पुलिस ने कॉल सेंटर के मालिक प्रदीप कुमार और मुख्य आरोपी सम्मी कुमार गिरी को धर दबोचा। इनके साथ ही मौके पर मौजूद 16 टेलीकॉलर्स को भी गिरफ्तार किया गया है, जिनमें 14 महिलाएं और दो पुरुष शामिल हैं। पुलिस ने मौके से 20 मोबाइल फोन, 35 सिम कार्ड, 6 लैपटॉप, 9 सीपीयू और डेबिट कार्ड बरामद किए हैं।

पुलिस की कारोबारियों को सतर्क रहने की सलाह

पुलिस अब बरामद किए गए डिजिटल सामानों की जांच कर रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि इस गिरोह ने और कितने लोगों को अपनी ठगी का शिकार बनाया है। इस घटना के बाद दिल्ली पुलिस ने सभी निर्यातकों और व्यापारियों को अलर्ट रहने की सलाह दी है। पुलिस का कहना है कि किसी भी ऑनलाइन सर्विस देने वाली कंपनी को पैसा भेजने से पहले उसकी अच्छी तरह जांच-पड़ताल कर लें। अगर कोई भी व्यक्ति ऐसी साइबर धोखाधड़ी का शिकार होता है, तो वह तुरंत हेल्पलाइन नंबर 1930 पर अपनी शिकायत दर्ज कराए।

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